भक्ति, सेवा और श्रद्धा के साथ मनाया अमर शहीद संत कंवरराम साहिब का वरसी उत्सव
दैनिक रेवाँचल टाईम्स – मंडला। अमर शहीद संत कंवरराम साहिब जी का वरसी उत्सव शनिवार को श्री गुरुद्वारा साहिब के ऊपर स्थित श्री झूलेलाल धाम में श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर सिंधी समाज के लोगों ने बड़ी संख्या में शामिल होकर संत कंवरराम साहिब के प्रति अपनी आस्था और श्रद्धा व्यक्त की।
दिनभर धार्मिक अनुष्ठानों, पूजा-अर्चना और सेवा कार्यों का क्रम चलता रहा। सुबह सुखमनी साहिब के पाठ से प्रारंभ हुए उत्सव में आरती, भोग साहिब, भंडारा प्रसादी और शाम को बहिराणा साहिब के पूजन सहित विभिन्न धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए गए।
सुखमनी साहिब के पाठ से हुआ धार्मिक उत्सव का शुभारंभ
श्री झूलेलाल धाम में आयोजित वरसी उत्सव की शुरुआत सुबह सुखमनी साहिब के पाठ से हुई। इस दौरान सिंधी समाज के श्रद्धालुओं ने भक्तिभाव से पाठ और धार्मिक कार्यक्रमों में सहभागिता की।
पाठ के उपरांत आरती और पूजा-अर्चना की गई। इसके बाद भोग साहिब की रस्म अदा की गई। श्रद्धालुओं ने संत कंवरराम साहिब का स्मरण कर उनके प्रति श्रद्धा व्यक्त की।
भंडारा प्रसादी में शामिल हुए श्रद्धालु
धार्मिक अनुष्ठानों के बाद श्री झूलेलाल धाम में श्रद्धालुओं के लिए भंडारा प्रसादी का आयोजन किया गया। इसमें सिंधी समाज के लोगों और अन्य श्रद्धालुओं ने शामिल होकर प्रसाद ग्रहण किया।
आयोजन में सेवा और सामूहिक सहभागिता की भावना देखने को मिली। श्रद्धालुओं ने धार्मिक कार्यक्रम में शामिल होकर संत कंवरराम साहिब के प्रति अपनी श्रद्धा प्रकट की।
बहिराणा साहिब का पूजन कर नर्मदा तट पहुंचे श्रद्धालु
शाम को सिंधी समाज की संगत ने परंपरागत तरीके से बहिराणा साहिब का पूजन किया। इसके बाद श्रद्धालु मां नर्मदा के तट के लिए रवाना हुए।
नर्मदा तट पर विधि-विधान और श्रद्धाभाव के साथ पारंपरिक पूजा-अर्चना की गई। इस दौरान समाज के लोगों ने अपने परिवारों के कल्याण और सुख-समृद्धि की कामना की।
पल्लव की रात में भक्तिमय प्रस्तुतियों ने बांधा समां
वरसी उत्सव के अंतर्गत शाम को विशेष रूप से पल्लव की रात का आयोजन किया गया। इस अवसर पर समाज के कलाकारों ने भक्ति और श्रद्धा से ओतप्रोत प्रस्तुतियां दीं।
कलाकारों की धार्मिक प्रस्तुतियों के बीच वातावरण भक्तिमय बना रहा। समाज के लोगों ने सामूहिक रूप से पल्लव कर अपने परिवारों की सुख-समृद्धि, खुशहाली और मंगलकामनाएं कीं।
सिंधी समाज ने उत्साहपूर्वक निभाई धार्मिक परंपराएं
अमर शहीद संत कंवरराम साहिब के वरसी उत्सव में सिंधी समाज के लोगों ने पूरे उत्साह के साथ अपनी धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं का निर्वहन किया। सुबह से शाम तक आयोजित कार्यक्रमों में श्रद्धालुओं की सहभागिता रही।
श्री झूलेलाल धाम में सुखमनी साहिब के पाठ से लेकर नर्मदा तट पर बहिराणा साहिब पूजन और पल्लव की रात तक धार्मिक आयोजन का क्रम जारी रहा।
मंडला में आयोजित संत कंवरराम साहिब का वरसी उत्सव धार्मिक आस्था, सेवा और सामाजिक सहभागिता का संगम रहा। श्री झूलेलाल धाम में आयोजित अनुष्ठानों, भंडारा प्रसादी, बहिराणा साहिब पूजन और भक्तिमय प्रस्तुतियों के माध्यम से श्रद्धालुओं ने अपनी सांस्कृतिक परंपराओं को जीवंत रखा।
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