मंडला शहर का सबसे बड़ा फुलेरा! आधा सैकड़ा महिलाओं ने एक साथ की शिव-पार्वती की पूजा
बड़े शिव मंदिर बस स्टैंड में चौथे वर्ष हुआ भव्य तीज महोत्सव; पूरी रात गूंजे भजन-कीर्तन, जागरण में उमड़े शिव भक्त
रेवांचल टाइम्स | मंडला। हरतालिका तीज के पावन अवसर पर मंडला शहर के बड़े शिव मंदिर, बस स्टैंड में श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत नजारा देखने को मिला। मंदिर परिसर में आयोजित तीज महोत्सव के दौरान आकर्षक एवं विशाल फुलेरा सजाया गया, जिसे आयोजकों द्वारा मंडला शहर का सबसे बड़ा फुलेरा बताया गया।
इस अवसर पर करीब आधा सैकड़ा महिलाओं ने एक साथ भगवान शिव और माता पार्वती की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। सुहागिन महिलाओं ने अखंड सौभाग्य और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की, वहीं परंपरानुसार व्रत रखने वाली युवतियों ने भी शिव-पार्वती की आराधना की।
हरतालिका तीज पर शिव-पार्वती की आराधना
हरतालिका व्रत को हरतालिका तीज अथवा तीजा के नाम से भी जाना जाता है। भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाए जाने वाले इस पर्व का हिंदू धार्मिक परंपरा में विशेष महत्व है।
धार्मिक मान्यता के अनुसार माता पार्वती ने भगवान शिव को पति के रूप में प्राप्त करने के लिए कठोर तपस्या की थी। इसी आस्था के अनुरूप सुहागिन महिलाएं पति की दीर्घायु और अखंड सौभाग्य की कामना से यह व्रत करती हैं, जबकि अविवाहित युवतियां योग्य एवं मनचाहे वर की कामना से पूजा करती हैं।
चौथे वर्ष बड़े शिव मंदिर में सजा तीज महोत्सव
मंडला जिले में हरतालिका तीज का पर्व वर्षों से श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जाता रहा है। बस स्टैंड स्थित बड़े शिव मंदिर में लगातार चौथे वर्ष तीज महोत्सव आयोजित किया गया।
आयोजन समिति के सदस्यों ने मंदिर परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया। विशाल फुलेरे के नीचे पूजा के लिए विशेष व्यवस्था की गई। महिलाओं ने सामूहिक रूप से भगवान शिव और माता पार्वती का पूजन किया। धार्मिक मंत्रोच्चार और आरती की ध्वनि से मंदिर परिसर में आध्यात्मिक वातावरण बना रहा।
पूरी रात चला भजन-कीर्तन और जागरण
तीज महोत्सव में ओम युवा मंडल, मंडला की ओर से पूरी रात भजन-कीर्तन और जागरण का आयोजन किया गया। भगवान शिव और माता पार्वती के भजनों से मंदिर परिसर देर रात तक गूंजता रहा।
श्रद्धालु भी भक्ति गीतों और आराधना में शामिल हुए। पूरी रात धार्मिक आयोजन में शामिल रहने वाले शिव भक्तों के लिए चाय और कॉफी की व्यवस्था भी की गई थी।
करीब 100 वर्ष पुराना बताया जाता है बड़ा शिव मंदिर
स्थानीय जानकारी के अनुसार बस स्टैंड स्थित बड़ा शिव मंदिर करीब 100 वर्ष पुराना है। बताया जाता है कि लगभग एक शताब्दी पूर्व यहां भगवान शिव की स्थापना की गई थी। इसके बाद से यह मंदिर क्षेत्र के श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र बना हुआ है।
महाशिवरात्रि, सावन और अन्य धार्मिक पर्वों पर भी यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचकर भगवान शिव की पूजा-अर्चना करते हैं।
‘हर-हर महादेव’ के जयघोष से गूंजता रहा मंदिर
हरतालिका तीज पर सामूहिक पूजा, आकर्षक फुलेरा और पूरी रात चले भजन-कीर्तन ने बड़े शिव मंदिर परिसर को आध्यात्मिक रंग में रंग दिया। देर रात तक श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही और ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष से वातावरण गूंजता रहा।
