नाबालिग छात्रा से आपत्तिजनक चैट का आरोप, शिक्षक गिरफ्तार; निजी तस्वीरें मांगने और धर्म परिवर्तन के दबाव की भी शिकायत
जबलपुर। गौर इलाके की 17 वर्षीय छात्रा से कथित तौर पर आपत्तिजनक बातचीत करने, अश्लील सामग्री भेजने और निजी तस्वीरें मांगने के मामले में पुलिस ने एक शिक्षक को गिरफ्तार किया है। छात्रा के परिजनों ने शिक्षक पर धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाने का भी आरोप लगाया है। पुलिस शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच कर रही है।
स्कूल में हुई थी शिक्षक से पहचान
परिजनों के अनुसार छात्रा पहले सेंट अलायसियस स्कूल, गौर में पढ़ती थी। इसी दौरान उसकी वहां पढ़ाने वाले शिक्षक से पहचान हुई। आरोप है कि शिक्षक ने छात्रा का मोबाइल नंबर लिया और इसके बाद व्हाट्सऐप पर बातचीत शुरू हुई। परिवार का दावा है कि बाद में बातचीत का स्वरूप आपत्तिजनक हो गया।
अश्लील संदेश और निजी तस्वीरें मांगने का आरोप
परिजनों का आरोप है कि छात्रा को आपत्तिजनक संदेश और वीडियो भेजे गए तथा उससे निजी तस्वीरें भी मांगी गईं। ये आरोप शिकायत का हिस्सा हैं और इनकी सत्यता पुलिस जांच तथा डिजिटल साक्ष्यों के परीक्षण से स्पष्ट होगी।
मोबाइल चैट से परिवार को हुआ संदेह
परिजनों के मुताबिक छात्रा के व्यवहार में बदलाव दिखाई देने के बाद उन्हें संदेह हुआ। मोबाइल फोन देखने पर एक नंबर कथित तौर पर ‘मंगेतर’ नाम से सेव मिला।
परिवार का दावा है कि उक्त नंबर पर लगातार बातचीत हुई थी और बाद में नंबर के शिक्षक से जुड़े होने की जानकारी सामने आई। परिजनों का आरोप है कि नंबर की पहचान छिपाने के लिए उसे दूसरे नाम से सेव किया गया था।
धर्म परिवर्तन के दबाव का भी आरोप
परिजनों ने शिक्षक पर छात्रा के धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाने का भी आरोप लगाया है। पुलिस ने शिकायत में लगाए गए इस आरोप को भी जांच में शामिल किया है। इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है और इसकी वास्तविकता जांच पूरी होने के बाद स्पष्ट होगी।
हिंदू जागरण मंच के कार्यकर्ता थाने पहुंचे
मामले की जानकारी मिलने के बाद छात्रा के परिजनों ने हिंदू जागरण मंच के कार्यकर्ताओं से संपर्क किया। इसके बाद संगठन के कार्यकर्ता गोराबाजार थाने पहुंचे और पुलिस से मामले में कार्रवाई की मांग की।
शिकायत के बाद शिक्षक गिरफ्तार
पुलिस ने शिकायत के आधार पर प्रकरण दर्ज करते हुए आरोपी शिक्षक सैयद फैजान हुसैन को देर रात गिरफ्तार कर लिया। आरोपी तिलहरी क्षेत्र का निवासी बताया गया है। मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई और जांच जारी है।
डिजिटल साक्ष्य होंगे अहम
मामले में मोबाइल चैट, संदेश, वीडियो और अन्य उपलब्ध डिजिटल सामग्री जांच के लिए महत्वपूर्ण हो सकती है। पुलिस जांच के बाद ही शिकायत में लगाए गए आरोपों और घटनाक्रम की पूरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।
नोट: पीड़िता नाबालिग है, इसलिए उसकी पहचान और ऐसी कोई जानकारी प्रकाशित नहीं की गई है जिससे उसकी पहचान उजागर हो। शिक्षक के विरुद्ध लगाए गए आरोप जांचाधीन हैं।
