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Friday, September 16, 2022

अंधविश्वास में गयी मासूम बेटियों की जान, सांप के डसने अस्पताल की जगह बाबा के पास ले माँ-बाप, 3 घंटे तक कराते रहे झाड़-फूंक

 



राजस्थान में सांप के डसने के बाद माँ-बाप अपनी दो मासूम बेटियों को हॉस्पिटल ले जाने की बजाय बाबा के पास ले गए। जहाँ बाबा ने 3 घंटे तक झांड-फूंक किया, भस्म देता रहा। लेकिन इसके बाद भी होश नहीं आया तब आखिरकार परिजन बच्चियों को लेकर अस्पताल भागे। जहाँ हॉस्पिटल पहुंचने पर पता चला कि, दोनों पहले ही दम तोड़ चुकी थीं। मामला दौसा जिले के सूरजपुरा गांव के रामबास वालों की ढाणी का है।

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार रोहिताश मीणा परिवार के साथ कमरे में सोया हुआ था। मंगलवार रात को 2:30 बजे कमरे में सांप घुस गया। इसने पहले पिता के पास सो रही 2 वर्षीय छोटी बेटी वंश को डसा। शारीरिक रूप से कमजोर होने के कारण वह चिल्ला भी नहीं पाई और बेसुध हो गई। इसके बाद सांप ने माँ पूजादेवी के पास सो रही 4 साल की मान्या को भी कान के नीचे डस लिया। सांप के डसते ही मान्या चिल्लाने लगी तो पूजा जाग गई। उठकर लाइट जलाई तो देखा बेटी के कान पर सांप लटका हुआ था। पूजा ने सांप को छुड़ा कर दूर फेंका। चीखने और रोने की आवाज सुनकर परिवार के अन्य लोग भी आ गए।

इतनी देर में दोनों बेटियां अचेत हो गईं। इस पर परिवार के लोग दोनों को अलीपुर गांव में भक्तावाला बाबा के यहां पहुंचे। यहां बाबा ने करीब 3 घंटे तक झाड़-फूंक की और भस्म से इलाज करता रहा। इसके बावजूद बच्चियों को होश नहीं आया तब लोग दौसा के सरकारी हॉस्पिटल लेकर आए। जिला अस्पताल के इमरजेंसी ड्यूटी प्रभारी डॉ.अमित शर्मा का कहना है कि, दोनों बच्चियां मृत अवस्था में ही लाई गई थीं। जांच की तो बडी बच्ची के कान के पीछे काटने का निशान मिला। छोटी बच्ची के शरीर पर कोई निशान या खून नहीं दिखा। हालांकि, माना जा रहा है कि, दोनों बच्चियों की मौत सांप के डसने से ही हुई है। उन्होंने बताया कि, यदि बच्चियों को उसी समय हॉस्पिटल लेकर आ जाते तो उनकी जान बच सकती थी।

पूजा व रोहिताश मीना की शादी 2018 हुई थी, उनके ये दो बेटियां ही थीं। एक साथ दो बेटियों की मौत से परिवार की खुशियां ही छिन गई। पति-पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल है।

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