रेवांचल टाइम्स:-15 अक्टूबर बरघाट के मुंडापार में सलमा कुरैशी प्राथमिक शिक्षक वार्ड क्रमांक 01 एवं ग्रामीणों द्वारा विश्व हाथ धुलाई दिवस मनाया गया।
बता दे कि हमारे हाथों में अनदेखी गंदगी छिपी होती है, जो किसी भी वस्तु को छूने, उसका उपयोग करने एवं कई तरह के दैनिक कार्यों के करण होती है। यह गंदगी, बगैर हाथ धोए खाद्य एवं पेय पदार्थों के सेवन से आपके शरीर में जाती हैं, और बीमारियों को जन्म देती हैं। हाथों की धुलाई के प्रति जागरूकता पैदा करने के मकसद से पूरे विश्व में 15 अक्टूबर को विश्व हाथ धुलाई दिवस मनाया जाता है।
इस वर्ष 15 से 28 अक्टूबर तक हाथ धुलाई पखवाड़ा मनाया जा रहा है। जिसमें हाथ धोने के प्रति जागरूकता हेतु कई तरह के कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
बचपन में स्कूल में सिखाया जाता था, कि खाना खाने के पहले हाथ धोना चाहिए। इसके अलावा साफ-सफाई से जुड़ी बहुत सी बातें बताई जाती थी। धीरे-धीरे यह बातें हमारी अच्छी आदतों में शामिल हो गई, लेकिन दुनियाभर में कई लोग आज भी इनके प्रति जागरूक नहीं हैं। विश्व हाथ धुलाई दिवस का उद्देश्य इसी जागरूकता को समाज तक पहुंचाना है।
इसी कड़ी में बरघाट के मुंडापार में सलमा कुरैशी प्राथमिक शिक्षक द्वारा सहयोगी ग्रामीणों के साथ राहगीरों एवं ग्रामीणों के हाथ धुलवाए गए तथा इससे होने वाले फायदों एवं कोरोना महामारी से बचाव के उपायों की जानकारी देते हुए शपथ दिलाई गई।
रेवांचल टाइम्स से मुकेश जायसवाल की रिपोर्ट

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