BREAKING
जवाहर नवोदय विद्यालय से दो छात्र लापता | एमपी में बड़ा प्रशासनिक फैसला | जबलपुर में सनसनीखेज वारदात
बिछिया: शराब दुकान में मनमाने रेट, आबकारी की मिलीभगत से जमकर मुनाफाखोरी - revanchal times new

revanchal times new

निष्पक्ष एवं सत्य का प्रवर्तक

Breaking

aaj ka akhbar padhen

आज का ई-पेपर

पूरा अखबार पढ़ने के लिए नीचे दिए गए बटन पर क्लिक करें।

ई-पेपर Viewer

Wednesday, July 1, 2020

बिछिया: शराब दुकान में मनमाने रेट, आबकारी की मिलीभगत से जमकर मुनाफाखोरी

शराब दुकान में रेट लिस्ट नही, मनमानी कर रहे है ठेकेदार
● बिछिया में संचालित अंग्रेजी शराब की दुकान पर हो रही है जमकर मनमानी
● जिम्मेदार अाबकारी विभाग है मौन, जानकारी होने के बाद भी कार्रवाई नहीं करते हैं

भुआबिछिया

नगर में शराब को सरकारी कीमत पर न बेच कर अधिक कीमत बेचा जा रहा है। और सुराप्रेमियो को जमकर लुटा जा रहा है। यह कार्य शराब दुकान के ठेकेदार व आबकारी विभाग के अधिकारियों से मिली भगत कर यह खेल खेला जा रहा हैं। जिसकी वजह से आए दिन शराब दुकान के सेल्समैन कर्मचारी और ग्राहक के बीच दुकान पर झगड़े हो रहे हैं। अभी हाल ही में शराब की अधिक कितम को लेकर शराब दुकान के कर्मचारी और ग्राहक के बीच जमकर मारपीट हुई। पर ले देकर मामले को दबा दिया गया। सूत्रों के मुताबिक अंग्रेजी शराब दुकान में शराब के एमआरपी(MRP) रेट के ऊपर 200, 250 रुपये पर बोतल अधिक वसूला जा रहा है जबकि कानून यह है की किसी भी सामग्री को दुकानदार एमआरपी( MRP) रेट अधिक कीमत पर बेचना गैर कानूनी है। लेकिन शराब ठेकेदार द्वारा शासन प्रशासन के नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही है। जिससे सुराप्रेमियो में काफी आक्रोश देखने को मिल रहा है यही कारण है आये दिन शराब दुकान में झड़प हो रहे है

गौरतलब है कि अंग्रेजी हो या फिर देसी शराब दुकान सभी दुकानों में रेट लिस्ट नही होने के कारण से 200, 250 रुपये अधिक दर पर बेची जा रही है, रेट लिस्ट नही लगाने का यही की सुराप्रेमियो से अधिक कीमत वसूला जा सके। वहीं शराब की मिल रही शिकायत के बावजूद पुलिस प्रशासन व आबकारी विभाग कोई कार्रवाई करने को तैयार नहीं है। आये दिन नगरवासी जगह जगह बिक रही शराब को लेकर पुलिस प्रशासन व आबकारी विभाग को शिकायत करते आ रहे है लेकिन जिम्मेदार प्रशासन करवाई नही कर रही है। वही करवाई के नाम पर कच्ची शराब वाले गरीबो पकड़ कर खानापूर्ति कर ली जाती है। वही स्थानिए लोगो का कहना है जिस तरह तेजी से  नगर के युवा नशे के चपेट में आये है जिम्मेदार सिर्फ और सिर्फ स्थानिए प्रशासन है जो जगह जगह सट्टा चल रहा है शराब के अवैध दुकान छोटे- बड़े दर्जनों चल रहे है पर स्थानिए प्रशासन को भनक भी नही है। जिसके चलते अवैध दुकानों के खिलाफ कोई कार्यवाही नही की जा रही है। साथ ही यह सब अबकारी विभाग के अधिकारियों की जानकारी में हो रहा है। इस कारण से वे शराब दुकानदारों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं।

देशी शराब में करते है मिलावट

दुकानों पर काम करने वाले सेल्समैन मिलावटी शराब बेचने में भी काफी माहिर हैं। सूत्रों मुताबिक देसी शराब के क्वार्टर व बोतल में यह लोग आसानी से उसका ढक्कन खोलकर पानी की मिलावट कर बेच रहे हैं। शराब पीने वाले लोग यह सब जानते हैं, लेकिन झगड़े के डर के कारण यह लोग ज्यादा कुछ बोल नहीं पाते और विरोध किए बिना ही शराब खरीदकर चलते जाते हैं। लेकिन आये दिन झगड़े भी शुरू हो गए है इसका कारण सिर्फ और सिर्फ शराब है।

No comments:

Post a Comment