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Saturday, May 23, 2020

मंडला: जिले के इस कब्रिस्तान में मिटटी जाने पर रास्ते को लेकर हमेशा होता है विवाद

आज फिर रास्ते को लेकर छिड़ा विवाद कब्रिस्तान पहुंच मार्ग के लिए बरसों से परेशान हैं मुस्लिम समुदाय


बिछिया, मंडला! सोमवार को आनेवाली ईद के मद्देनजर राजस्व और नगर पालिका द्वारा पूर्व में चिन्हांकित रास्ते को आने-जाने के लायक बनाने मुस्लिम युवाओं द्वारा मुरूम से गड्ढे भरने का काम शुरू किया था। इस पर वार्ड नंबर 2 के पार्षद द्वारा आपत्ति पेश करते कार्य को रोकने की कोशिश की। बाद में नगर परिषद के उपाध्यक्ष अजयपुरी, पूर्व उपाध्यक्ष नीरज भट्ट, पूर्व पार्षद और अन्य नागरिक एकत्र हो गए। नगर परिषद उपाध्यक्ष का कहना आया कि किसकी परमिशन से यह कार्य किया जा रहा है। उन्हें जानकारी दी गई कि 18 मई को छोटे खान की मृत्यु के बाद कब्रिस्तान जाने वाले रास्ते को लेकर चिंता बनी हुई थी। 19 मई की सुबह परिषद के अध्यक्ष विजेंद्रसिंह कोकड़िया, राजस्व विभाग से तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक और हल्का पटवारी को समस्या से अवगत कराया गया।
        तहसीलदार के मार्गदर्शन अनुसार राजस्व निरीक्षक और हल्का पटवारी ने मौके पर मुक्तिधाम से पहले नाला किनारे कब्रिस्तान तक रास्ता चिन्हांकित किया। तब जगह साफ कर सर्दी छोटे खान की मिट्टी कब्रिस्तान तक पहुंच सकी।

      रमजान का महीना चल रहा है। ईद को 2 दिन बचे है। इस अवसर पर बच्चे, बूढ़े, जवान सभी कब्रिस्तान जाकर अपने पूर्वजों का स्मरण करते हैं। इसी लिहाज से समुदाय के युवाओं ने मुरूम बुलवाकर उक्त चिन्हांकित रास्ते के गड्ढे भरने और समतल बनाने का कार्य खुद के श्रम और संसाधन से शुरू किया था। इसी कार्य के लिए नगर परिषद उपाध्यक्ष और पार्षद युवाओं से परमिशन पूछ रहे थे। उनका कहना था कि कब्रिस्तान जाने के लिए बिछिया से भुआ होकर रास्ता दिया गया है, आप लोगों को उसी रास्ते से आना-जाना करना चाहिए। मुस्लिम भाइयों की आपत्ति थी कि उस रास्ते के लिए ज्यादातर लोगों की सहमति नहीं बनी थी और विवादित परिस्थिति में उस पर कब्रिस्तान पहुंच मार्ग के नाम से कार्य कराया गया है। गौरतलब है कि यह रास्ता कब्रिस्तान तक जाता ही नहीं। इधर मुख्य मार्ग हाईवे होने के कारण नाले पर पुलिया बना है। लेकिन भुआ की ओर से बिछिया कब्रिस्तान आने के लिए पुलिया नहीं है।

        पूर्व में भी कब्रिस्तान के रास्ते को लेकर मुस्लिम समुदाय ने अपनी चिंता व्यक्त की है। प्रशासन को समस्याओं के समाधान के लिए अनेक बार आवेदन भी किया है। छोटे खान की मृत्यु के बाद उपजी परिस्थितियों के मद्देनजर राजस्व अमले द्वारा चिन्हांकित मार्ग को आने-जाने के लायक बनाने पर विवाद छिड़ गया।

       बाद में नगर पालिका परिषद कार्यालय में अनुविभागीय अधिकारी की मौजूदगी में अनौपचारिक बैठक हुई। विभागीय अधिकारी के समक्ष दोनों तरफ के तर्क रखे गए। उन्होंने जल्द ही समाधान करने का आश्वासन दिया है।

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