भोपाल में ‘ने करो-14’ का भव्य विमोचन, सकारात्मक सोच की ओर प्रेरित करती है सत्येंद्र साहू की पुस्तक
‘धन्य-धन्य बुंदेल धरा’ कार्यक्रम में साहित्य, संस्कृति और लोककला का संगम; 24 अक्टूबर को आएगा ‘ने करो-15’
दैनिक रेवांचल टाइम्स, भोपाल। लेखक सत्येंद्र तुलाराम साहू द्वारा लिखित प्रेरणादायी पुस्तक ‘ने करो-14’ का भोपाल के हिंदी भवन, श्यामला हिल्स में आयोजित ‘धन्य-धन्य बुंदेल धरा’ कार्यक्रम के दौरान भव्य विमोचन किया गया। कार्यक्रम में साहित्य, संस्कृति, कला एवं सामाजिक क्षेत्र से जुड़ी अनेक प्रमुख हस्तियां मौजूद रहीं।
पुस्तक का विमोचन राज्यसभा सदस्य रजनीश अग्रवाल, करुणाधाम आश्रम के पंडित शांडिल्य, मेला विकास प्राधिकरण अध्यक्ष विनोद गोटिया, मानव अधिकार आयोग चेयरमैन अवधेश प्रताप सिंह, हुजूर विधायक रामेश्वर शर्मा, भोपाल महापौर मालती राय, साहित्य अकादमी के निदेशक डॉ. विकास दवे, साध्वी हर्षानंद गिरि सहित अनेक विशिष्ट अतिथियों की मौजूदगी में किया गया।
नकारात्मकता से सकारात्मकता की ओर ‘ने करो’ की यात्रा
लेखक सत्येंद्र तुलाराम साहू ने बताया कि ‘ने करो’ श्रृंखला की शुरुआत नकारात्मकता से सकारात्मकता की ओर प्रेरित करने के उद्देश्य से हुई थी। पाठकों के स्नेह और लगातार प्रोत्साहन से यह यात्रा पहले संस्करण से आगे बढ़ते हुए अब 14वें संस्करण तक पहुंच चुकी है।
उन्होंने कहा कि यदि पाठकों का सहयोग और आशीर्वाद इसी तरह मिलता रहा तो ‘ने करो-15’ भी शीघ्र पाठकों के सामने होगा। आगामी संस्करण का विमोचन 24 अक्टूबर, शनिवार शाम 7 बजे रविंद्र भवन, भोपाल में देवोत्तर सेवा फाउंडेशन द्वारा आयोजित शास्त्रीय संगीत कार्यक्रम में किए जाने की जानकारी दी गई।
सुप्रसिद्ध लोक गायिका कविता शर्मा ने लोकगायन की मनमोहक प्रस्तुति दी, जबकि दीपेश पांडे नृत्य टीम ने बुंदेलखंड के महापुरुषों और सांस्कृतिक विरासत को नृत्य के माध्यम से मंच पर जीवंत किया।
बुंदेलखंड की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत पर हुआ संवाद
कार्यक्रम में कवि सुमित ओरछा ने स्वागत उद्बोधन देते हुए आयोजन की भावना को सामने रखा। लक्ष्मण सिंह मरकाम ने बुंदेलखंड की ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक विरासत पर अपने विचार रखे। कार्यक्रम का संचालन पूर्वा द्विवेदी ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन आयोजक कवि सुमित ओरछा द्वारा किया गया।
आयोजन में सुशील अग्रवाल, मनोज राठौर, रमन तिवारी, देवदत्त दुबे, कौशल किशोर चतुर्वेदी, नेहा बग्गा, संतोष पटेल, विजय दुबे, राकेश सिंह, ऋतुराज तोमर, दिनेश प्रभात, राजेंद्र गट्टानी, लक्ष्मण नेपाली, सीमा शिवहरे सहित साहित्य, सामाजिक और सांस्कृतिक क्षेत्र की अनेक हस्तियां उपस्थित रहीं।
लेखक के अनुसार पुस्तक Amazon, Flipkart, Google Play और Kobo जैसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर भी उपलब्ध है। ‘ने करो-14’ का विमोचन लेखक सत्येंद्र साहू की सकारात्मक चिंतन और निरंतर लेखन यात्रा का महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है।
