BREAKING
जवाहर नवोदय विद्यालय से दो छात्र लापता | एमपी में बड़ा प्रशासनिक फैसला | जबलपुर में सनसनीखेज वारदात
खनिज माफियाओं के हौंसले हैं बुलंद, बिछिया घुघरी में चल रहा खनिज माफियाओं का राज और जिम्मेदार बने मूकदर्शक... - revanchal times new

revanchal times new

निष्पक्ष एवं सत्य का प्रवर्तक

Breaking

aaj ka akhbar padhen

आज का ई-पेपर

पूरा अखबार पढ़ने के लिए नीचे दिए गए बटन पर क्लिक करें।

ई-पेपर Viewer

Saturday, May 27, 2023

खनिज माफियाओं के हौंसले हैं बुलंद, बिछिया घुघरी में चल रहा खनिज माफियाओं का राज और जिम्मेदार बने मूकदर्शक...




रेवांचल टाईम्स - मंडला आदिवासी जिला का सौभाग्य कहां जाएं या दुर्भाग्य, कारण जो भी हो पर इस आदिवासी बाहुल्य जिला में कायदा- कानून को धता बताते हुए बेरोकटोक रेत का अवैध उत्खनन कर खनिज, राजस्व, वन विभाग और पुलिस विभाग को चैलेंज कर बिछिया और घुघरी के छोटे बड़े नदी नालाओं से छोटे बड़े वाहनों से अवैध उत्खनन कर अवैध परिवहन किया जा रहा हैं। ऐसे खनिज माफियाओं और खनिज सम्पदा परिवहन करने वाले के विरुद्ध कार्यवाही करने को सब लाचार है। अवैध रेत परिवहन कर्ताओं व रेत माफियाओं का स्पष्ट कहना होता है कि जो छापना हैं पेपर में छाप दो, एक दो दिन के लिए काम बंद करना पड़ेगा बाद में पुनः कार्य चालू हो जाएगा। 


सम्बंधित विभाग कहता है बल की कमी है


वही सम्बंधित विभाग संयुक्त रुप से कार्यवाही करें तो खनिज माफियाओं के छक्के छुड़ा सकते है। लेकिन बल की कमी है कहकर कार्यवाही करने से अपना पल्ला झाड़ लेते हैं। सम्बंधित विभाग अगर खनिज माफियाओं के विरुद्ध कार्यवाही करने लिए अडिग हो जाए तो सब कुछ सम्भव हो जाता है। लेकिन सम्बंधित विभाग कार्यवाही करने से क्यों कतराते हैं। सूत्र बताते हैं सम्बंधित अधिकारियों को सत्ता की बेड़ी से बंधे होने कारण खनिज माफियाओं के विरुद्ध वैधानिक कार्यवाही नहीं की जाती।


मुख्यमंत्री के आदेशों का नहीं हो रहा है पालन


उल्लेखनीय है कि खनिज माफिआयों के विरुद्ध म.प्र. सरकार के मुखिया शिवराज सिंह चौहान की लाख हिदायतों का कोई असर आदिवासी बाहुल्य जिला मंडला में होते नजर नहीं आ रहा है। खनिज माफियाओं ने जिले की खनिज सम्पदा को लूटने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं। अवैध रेत खनन कर्त्ताओं के द्वारा वन  क्षेत्रों से लेकर राजस्व क्षेत्रों की नदी नालों तक का सीना छलनी कर दिया है।

आलम यह है, कि जब तक अवैध परिवहन पर प्रशासनिक कार्यवाही न हो तब तक रायल्टी भी नहीं काटी जाती। बिछिया घुघरी में जन चर्चा है, कि राजनीतिक संरक्षण प्राप्त खनिज माफियाओं के वाहनों को रोकने का साहस स्थानीय प्रशासन नहीं करता। खनिज विभाग के साथ पुलिस विभाग कुछ छुटभैयों पर अवैध खनिज परिवहन के नाम पर कार्यवाही कर देते  है, लेकिन खनिज के बड़े-बड़े माफियाओं पर कार्यवाही करने से परहेज़ करते हैं।


No comments:

Post a Comment