मण्डला 3 अक्टूबर 2022
योजना भवन में समय-सीमा बैठक आयोजित की गई। बैठक में सीएम
हेल्पलाईन सहित विभागवार विषयों की बिन्दुवार समीक्षा की गई। कलेक्टर ने सीएम
हेल्पलाईन की विभागवार समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि
निर्वाचन प्रक्रिया संपन्न होने के बाद सभी प्रतिदिन शिकायतों का निराकरण
सुनिश्चित करें। उन्होंने राजस्व विभाग द्वारा सीएम हेल्पलाईन प्रकरणों के निराकरण
में खराब प्रदर्शन करने पर नाराजगी जाहिर की। श्रीमती सिंह ने कहा कि एल-1, एल-4 तथा 100 दिवस से अधिक की शिकायतों
का प्राथमिकता से निराकरण करें। उन्होंने सीएम हेल्पलाईन के निराकरण में ’डी श्रेणी’
के विभागों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने
कहा कि ’डी श्रेणी’ के विभागों का वेतन रोकें।
उन्होंने अन्य विभागों को सचेत किया कि सीएम हेल्पलाईन के प्रकरणों के निराकरण में
प्रगति नहीं दिखने पर अन्य अधिकारियों के भी वेतन रोके जाएंगे।
आयुष्मान पंजीयन में लापरवाही
बर्दाश्त नहीं
कलेक्टर ने आयुष्मान पंजीयन की ब्लॉकवार समीक्षा की।
उन्होंने कहा कि सभी विभाग समन्वय बनाते हुए आयुष्मान पंजीयन में प्रगति लाएं।
कलेक्टर ने कहा कि जीआरएस पंचायत स्तर पर आयुष्मान कार्ड के लिए अधिकृत हैं।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक ग्राम स्तर पर प्रातः 6 बजे से घर-घर जाकर आयुष्मान पंजीयन बनाने का कार्य करें। उन्होंने ग्रामीण
विकास विभाग, महिला बाल विकास विभाग, स्कूल शिक्षा विभाग को आयुष्मान पंजीयन के प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश
दिए।
शहरी क्षेत्रों में 6 से शुरू होगा जनसेवा कार्यक्रम
कलेक्टर ने बैठक में जनसेवा अभियान के द्वितीय चरण के संबंध
में चर्चा करते हुए जरूरी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी स्तर पर पात्र
हितग्राहियों को शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देते हुए उनसे आवेदन
लें। इन आवेदनों को सतत रूप से पोर्टल पर अपलोड करें। श्रीमती सिंह ने कहा कि
निर्वाचन कार्यों के पश्चात अब शहरी क्षेत्रों में 6 अक्टूबर से जनसेवा शिविर आयोजित होंगे। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को
निर्देशित किया कि एक सप्ताह में शहरी क्षेत्र के प्रत्येक वार्ड का सर्वे कराएं, योजनाओं की जानकारी दें, आवेदन लें तथा इन्हें
पोर्टल पर फीड करें। उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्र के अलग-अलग वार्ड में लगने वाले
शिविरों का कलेंडर भी जारी करें।
श्रीमती सिंह ने बैठक में कहा कि वनाधिकार पट्टेधारियों को
शतप्रतिशत पीडीएस लाभ देना सुनिश्चित करें। उन्होंने उज्ज्वला योजना के संबंध में
भी आवेदन प्राप्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जाति प्रमाण-पत्र बनाए
जाने के आवेदन भी जनसेवा शिविर में प्राप्त करें तथा पात्रों की सूची बनाएं।
उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि इन शिविरों में राजस्व समस्याओं जैसे- नामांतरण, सीमांकन, बटवारा आदि के भी आवेदन लें। बैठक में उन्होंने ग्रामसभाओं
के आयोजन एवं पारित प्रस्तावों के बारे में जानकारी लेते हुए जरूरी निर्देश दिए।
कलेक्टर ने कहा कि अक्टूबर माह के द्वितीय सप्ताह में वनग्रामों को राजस्व ग्रामों
में सम्परिवर्तन के संबंध में जिला स्तरीय बैठक आयोजित की जाएगी।
ड्रॉपआउट बच्चों के घर-घर जाएं
कलेक्टर ने स्कूल शिक्षा विभाग को निर्देशित किया कि
ड्रॉपआउट बच्चों के घर जाकर उन्हें स्कूल आने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने डीईओ, डीपीसी, एसी ट्राईबल को निर्देशित किया कि प्रतिदिन घर संपर्क
अभियान के अंतर्गत ड्रॉपआउट बच्चों के घर जाएं। साथ ही टीचर्स भी नियमित रूप से
ऐसा करें। श्रीमती सिंह ने बैठक में छात्रवृत्ति, पुस्तक एवं गणवेश वितरण, प्राईमरी स्कूलों में
विद्युत कनेक्शन, जर्जर भवन, स्कूलों में पानी एवं बिजली की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की।
11 अक्टूबर को प्रत्येक गांव में करें आयोजन
कलेक्टर ने बैठक में बताया कि 11 अक्टूबर को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा उज्जैन में महाकाल कोरीडोर के
प्रथम चरण का उदघाटन करेंगे। उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि 11 अक्टूबर को शाम 5 बजे जिले के प्रत्येक गांव के
मंदिर परिसर में कार्यक्रम आयोजित करने की तैयारी करें। उन्होंने कहा कि इस
कार्यक्रम से प्रत्येक जिलेवासी भावनात्मक रूप से जुड़ें। श्रीमती सिंह ने कहा कि 10 अक्टूबर 2022 तक जिले के प्रमुख एवं ऐतिहासिक मंदिरों में साफ-सफाई एवं
सजावट का कार्य पूर्ण करें। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि
अपने क्षेत्र के मंदिरों के पुजारियों की बैठक करते हुए 11 अक्टूबर के आयोजन की तैयारियों को अंतिम रूप दें। उन्होंने बताया कि 11 अक्टूबर को प्रत्येक मंदिर एवं नर्मदा तटों पर दीप प्रज्ज्वलन किया जाए।
उन्होंने कहा कि दुर्गाउत्सव पंडालों में भी फ्लैक्स लगाकर 11 अक्टूबर को होने वाले आयोजन की जानकारी का प्रचार-प्रसार करें। उन्होंने जिला
मुख्यालय के प्रमुख मंदिरों में भी आकर्षक साज-सज्जा के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने बैठक में देवारण्य योजना, एनआरसी, संबल योजना की समीक्षा, प्राकृतिक खेती, पीडीएस वितरण, उपार्जन केन्द्रों में पंजीयन की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि तेंदुपत्ता
संग्राहकों का संबल कार्ड अनिवार्य रूप से बनाएं। श्रीमती सिंह ने खुर्सीपार एवं
भंवरदा में विगत दिनों हुए राज्य सरकार के मंत्रीगणों के दौरे से प्राप्त
निर्देशों का शतप्रतिशत पालन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि दोनों पंचायतों
में विशेष दल बनाते हुए चिन्हित 33 योजनाओं के लाभार्थियों
के लिए सघन सर्वे कराएं तथा 20 अक्टूबर के पहले पात्रता
का परीक्षण करते हुए लाभ सुनिश्चित करें। उन्होंने जनकल्याणकारी योजनाओं से जुड़े
अन्य विभागों को भी उक्त दोनों पंचायतों में अपने विभाग की योजनाओं का लाभ देने के
निर्देश दिए।
जैव विविधता प्रतियोगिता के
विजेताओं का सम्मान
बैठक के दौरान मध्यप्रदेश राज्य स्तरीय जैव विविधता प्रश्न
प्रतियोगिता के अंतर्गत विजयी हुए प्रतिभागियों को कलेक्टर ने सम्मानित किया। यह
प्रतियोगिता वन विभाग एवं स्कूल शिक्षा विभाग के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित की
गई। इस प्रतियोगिता में विजयी होने वाले प्रतिभागी राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं मंे
भाग लेंगे। कलेक्टर एवं वरिष्ठ अधिकारियों ने विजेताओं को ट्रॉफी एवं प्रशस्ति
पत्र प्रदान किया। श्रीमती सिंह ने प्रतिभागियों को राज्य स्तर प्रतियोगिता के लिए
शुभकामनाएं भी दी। बैठक में फूड सेफ्टी विभाग द्वारा त्यौहारों के दौरान खाद्य
पदार्थों की जांच के बारे में जानकारी दी गई। कलेक्टर ने कहा कि सभी कार्यपालिक
अधिकारी आगामी त्यौहारों के मद्देनजर अपने क्षेत्रों में खाद्य पदार्थों एवं मिठाई
प्रतिष्ठानों से नमूने लेने की कार्यवाही प्रतिदिन करें। लापरवाही पर कड़ी
कार्यवाही करें।
.jpeg)
No comments:
Post a Comment