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Sunday, September 18, 2022

जबलपुर पहुंचे उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़, कहा- आदिवासियों के बिना भारत की आत्मा अधूरी



महामहिम उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ रविवार को मध्य प्रदेश के जबलपुर में पहुंचे। वे अमर शहीद राजा शंकर शाह-कुंवर रघुनाथ शाह के बलिदान दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने आए हैं। उन्हें डुमना एयरपोर्ट पर ही गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया।

रविवार को जबलपुर के डुमना एयरपोर्ट पर धनखड़ की अगवानी राज्यपाल मंगु भाई पटेल, मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, केंद्रीय राज्य मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल, प्रदेश के लोक निर्माण एवं जबलपुर जिले के प्रभारी मंत्री गोपाल भार्गव, वीडी शर्मा, सांसद राकेश सिंह, महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू ने की। एयरपोर्ट पर उपराष्ट्रपति धनखड़ का स्वागत मध्यप्रदेश पर्यटन विकास निगम के अध्यक्ष विनोद गोंटिया, मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद के उपाध्यक्ष जितेंद्र जमादार, राज्य सभा सांसद सुमित्रा बाल्मीकि, विधायक अजय बिश्नोई, अशोक रोहाणी, सुशील इंदु तिवारी आदि ने किया। इस दौरान कमिश्नर बी चंद्रशेखर, आईजी उमेश जोगा, डीआईजी आरआर परिहार, कलेक्टर डॉ. इलैयाराजा टी व पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ बहुगुणा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने जबलपुर के मानस भवन में आयोजित जस्टिस वर्मा स्मृति व्याख्यान माला में हिस्सा लिया। धनखड़ ने न्यायाधीश जेएस वर्मा की न्यायिक प्रज्ञा, ज्ञान और संवैधानिक मर्यादा को स्मरण किया। उन्होंने कहा कि मेरी कई यादें जस्टिस वर्मा से जुड़ी हैं। 1986 से 89 के बीच जब वे राजस्थान हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश थे, तब मैं बार कौंसिल से जुड़ा था। उस समय राजस्थान हाई कोर्ट का अत्यंत कठिन दौर था, फिर भी जस्टिस वर्मा की न्यायिक सोच-समझ व पारदर्शी प्रक्रिया से समस्या हल हो गई। कामकाजी महिलाओं के उनके कार्यक्षेत्र में शोषण की समस्या को गम्भीरता से लेकर उन्होंने विशाखा गाइडलाइन की अभूतपूर्व सौगात दी।

इसके बाद उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ वेटरनरी कॉलेज में आयोजित राजा शंकर शाह-कुंवर रघुनाथ शाह के बलिदान दिवस के कार्यक्रम में पहुंचे। इस मौके पर बड़ी संख्या में आदिवासी भी शामिल हुए।

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