रेवांचल टाईम्स - मंडला नेशनल हाईवे तीस ग्राम अंजनिया नाला के किनारे संचालित कबाड़ सालों से अपनी छोटी मोटा कबाड़ का सामना ख़रीदने वाला अब करोड़ो का मालिक बन चुका है।
जानकारी के अनुसार अंजनिया निवासी जिसकी सालों से एक छोटी सी कबाड़ की दुकान संचालित थी और वह आसपास के ग्रामीण इलाकों से लोहा प्लास्टिक अन्य कबाड़ का सामना खरीदी किया करता था और विगत तीन चार वर्ष पूर्व ग्राम करियागाँव के खेत से चोरी हुई मोटर पंप को खरीदने के आरोप भी लग चुके है। वही अन्य सामान भी कबाड़ में ख़रीदी की गई और चोरी गये पंप की अंजनिया चोकी में रिपोर्ट भी लिखाई गई पर मामला रफ़ा दफा कर दिया गया और ऐसे कितने समान खेत बॉडी से चोरी हुए पर उन सामानों का आज तक पता नही लग सका।
सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार मंडला नगर के बाद ये पहली दुकान नेशनल हाइवे में जो कि छत्तीसगढ़ रायपुर भिलाई से आ रहे लोहे वाले ट्रकों से सस्ते दामों में लोहा खरीद खरीद कर आज करोड़ो का मालिक बन चुका है और चोरी के सामानों की खरीद फरोस में स्थानीय पुलिस को भी समय समय मे उसका अपना हिस्सा मिल जाता है शायद इस कारण ये अबैध दुकान के माध्यम से चोरी का माल खरीदा और बेचा गया पर आज तक पुलिस के द्वारा कोई कार्यवाही नही की गई बल्कि थानों चौकी में आई शिकायतों में मामलों को कबाड़ संचालक और स्थानीय पुलिस की मदद से सब सब रफ़ा दफा कर दिया जाता है और अब देखते देखते एक छोटी सी कबाड़ी की दुकान आज बड़ी गोदाम और चोरी से लिये गए लौहे को नया रूप देकर गेट दरवाजे खिड़की अन्य लोहे की समान बनाये जा रहा है और बिना GST के माल को बेचा जा रहा जिससे सरकार को राजस्व को भारी नुकसान हो रहा वही इस दुकान में जो भी कार्यवाही के उद्देश्य से गया है वह अपने निजी स्वर्थ के चलते कार्यवाही नही की बल्कि उसको नये नए चोरी के सामानों के बेचने का तरीका बताया गए है।
वही जानकारी के अनुसार इस कबाड़ की दुकान से लगभग 8 से टन लोहा बेचा जा रहा है और पूरे दिन में लगभग 20 से 30 ट्रकों से चोरी का लोहा सस्ते दामों उतारा जाता है जो कि हर ट्रक से 2 से 4 किवंटल लोहा निकाल निकाल कर उन्हें फिर मार्केट से कुछ कम दामों में उसे बेचा जाता है न कोई टैक्स और न कोई जबाबदारी।
इस ग्राम में बेख़ौफ़ तरीक़े से चोरी के लोहा को बेचा जा रहा और जिला प्रशासन जिम्मेदार सब की सब अपनी जबाबदारी से बचते नजर आ रहे है उसके पीछे की बजय क्या है वह तो.....शेष अगले अंक में...
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