रेवांचल टाईम्स - सुना है मुग़ल बादशाह "औरंगजेब" के वक्त चालू किया गया "गधों का मेला" आज भी चित्रकूट में भरता है, दूर दूर से अपने गधों को लेकर व्यापारी इस बाजार में शिरकत करते हैं और फिर सलमान खान, दीपिका पादुकोण, शाहरुख़ खान, ऋतिक रोशन, रणवीर कपूर जैसे नामों वाले गधों के लिए बोली लगती है, पता चला है कि इस बार सबसे ज्यादा मंहगा गधा सलमान खान के नाम वाला बिका जिसकी कीमत डेढ लाख थी, उसके बाद दीपिका पादुकोण सवा लाख में, शाहरुख़ खान सत्तर हजार में रणवीर वीर सिंह पचास हजार में और ऋतिक के नाम का गधा तीस हजार में बिक गया l लोग बाग़ कहते हैं कि क्या दिन आ गए हैं गधे लाखों में बिक रहे हैं कुत्ते का पिल्ला पच्चीस से पचास हजार में बिकता है गाय, बैल यंहा तक कि सूअर भी खासे दामों में बिकते है लेकिन इंसान की कोई कीमत नहीं है, तो भैया इंसान ने खुद अपनी औकात घटा ली है, भगवान् ने उसे दिमाग और मुंह इसलिए दिया था कि वो अच्छी बातें सोचेगा, अच्छे काम करेगा लेकिन यंहा तो उल्टा ही हो रहा है जितनी बदमाशी, लुच्चोंही, टुच्चोंही, बेईमानी, घटियागिरि, धोखाधड़ी, नमक हरामी इंसान कर रहा है उसका कोई सानी नहीं है । गधा कम से कम बेईमान तो नहीं है कितना भी बोझा लाद दो चुपचाप उस बोझे को ढोता रहता है, लेकिन इंसान जिन माँ बाप ने जिंदगी भर उसको पाल पोसकर बड़ा किया बुढ़ापे में उनका बोझा ढोने में आगे पीछे होता है l कुत्ता अगर एक बार पाल लो तो जिंदगी भर वफादारी निभाता है लेकिन इंसान, वफादारी शब्द तो उसकी डिक्शनरी में है ही नहीं, जब मौका मिलता है गच्चा दे देता है, बेईमानी तो कूट कूट कर भरी है इंसान के भीतर, जिस थाली में खाता है उसमे छेद करने का मौका ही ढूंढता रहता है l गाय दूध देने के काम आती है तो बैल हल में जुत कर फसल को तैयार करने में अपनी भूमिका निभाता हैl जो लोग बाग़ इस बात का रंज कर रहे है कि इंसान की कोई कीमत नहीं बची है वे खुद ही सोच लें कि इंसान की कीमत धेले भर की क्यों नहीं है, अपने कर्मों से इंसान ने अपने आप को बेदाम बना दिया है ऊपर वाले ने तो बहुत सोच विचार कर इंसान बनाया था लेकिन जमीन पर आते ही इंसान ऊपर वाले की तमाम शिक्षा को भूलकर अपने स्वार्थों की पूर्ति में जुट गया l भाई भाई को मारने लगा, बाप बेटे की और बेटा बाप की हत्या से पीछे नहीं रहा , बलात्कार, हत्या, लूटपाट, डकैती, चोरी ये सब इंसान ही तो कर रहा है , ये कभी सुना की किसी गधे ने दूसरे गधे को लूट लिया हो नहीं न, तो जब इंसान ने अपने आप को खुद ही इतना गिरा हुआ बना लिया है तो उसकी कीमत क्या होगी खुद ही सोच लो l
कृषि मंत्री के मुंह में घी शक्कर
मध्य प्रदेश के कृषि मंत्री कमल पटेल ने गजब की भविष्य वाणी कर दी है, सारा संसार इस भविष्य वाणी से झूमने लगा है, आसमान से फूलों की वर्षा हो रही है, किन्नर, गन्धर्व,देवता कृषि मंत्री की स्तुति में जुट गए हैं, साधु संत शंख बजा बजा कर उनका इस्तकबाल कर रहे हैं l लोगों को बड़ी उत्सुकता है कि ऐसा क्या कर दिया या क्या कह दिया अपने कृषि मंत्री ने तो हम बतलाये देते हैं, कृषि मंत्री जी ने जबलपुर में कहा कि तीन साल के भीतर देश से गरीबी और बेरोजगारी पूरी तरह दूर हो जाएगीl पता नहीं कृषि मंत्री को कौन सा "अलादीन का चिराग" मिल गया है जो तीन साल में देश से गरीबी और बेरोजगारी दूर कर देगा l इंदिरा गांधी को इस दुनिया से गए कई बरस बीत गए उन्होंने नारा दिया था "गरीबी हटाओ" गरीबी तो हटी नहीं गरीब जरूर हट गया , कितनी ही सरकारें आईं कितने नेता आये कितने प्रधान मंत्री बदले लेकिन गरीबी लगातार बढ़ती ही गई, इधर कोरोना ने जो रोजगार में लगे थे उनको भी बेरोजगार बना दिया, अब कृषि मंत्री कह रहे हैं कि मात्र तीन साल में गरीबी दूर हो जाएगीl मान गए कृषि मंत्री जी को वैसे तो नेताओ की बातों पर भरोसा नहीं करना चाहिए और लोग बाग़ करते भी नहीं हैं फिर भी अपन तीन साल देख लेते है जैसे इतने साल से गरीबी और बेरोजगारी ख़त्म होने की राह देख रहे हैं तो तीन साल और देख लेते हैं क्या बुराई हैं lअपनी तो भगवान् से यही प्रार्थना हैं कि कृषि मंत्री के बयान को पूरा कर दें,हम तो कह रहे हैं कृषि मंत्री जी आपके मुंह में घी "शक्कर"l वैसे एक दृष्टि से देखें तो देश से गरीबी ख़त्म हो चुकी है और उसका सबूत दीवाली और धनतेरस में देखने मिला, बताया जा रहा है कि बीस हजार करोड़ का यानि पैंतालीस टन सोना और पच्चीस सौ करोड़ की चांदी यानि चार सौ टन चांदी लोगों ने खरीदी l इधर कारों के लिए वेटिंग चल रही है दोपहिया ग्राहकों की तुलना में कम पड़ रहे हैं अब उसके बाद भी कोई कहे कि गरीबी है तो धिक्कार है उस पर l
सुपर हिट ऑफ़ द वीक
श्रीमानजी मरने के बाद स्वर्ग गए, वँहा भगवान् ने उनसे पूछा "स्वर्ग में आपका स्वागत है आशा है आपने अपने परिवार के साथ अच्छा जीवन बसर किया होगा"
"वो सब तो ठीक है पहले ये बताओ कि जोड़ियां स्वर्ग में बनती हैं वाली टीम को कौन हेंडल करता है मुझे उससे बात करनी है" श्रीमान जी ने झुंझला कर कहा l
चैतन्य भट्ट
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