रेवांचल टाईम्स - देश के अन्नदाता किसान की फरमान खाद व्यापारियों को कृषि विभाग ने जारी किया लूट का लायसेंस स्वल्पाहार कर निकल गए कृषि मंत्री नहीं ली किसानों की खोज खबर सिवनी/ जिले का किसान इन दिनों अपनी उपज समर्थन मूल्य में बेचने की आश लिए इंतजार कर रहा है। मजबूरी में अपनी उपज औने पौने दामों में बेचने को मजबूर है।खाद पाने दर दर कहीं भटक रहा तो कहीं धक्के खा रहा तो कहीं खुलेआम लूट रहा। वही जिले में मध्यप्रदेश के कृषि मंत्री कमल पटेल तो केंद्रीय इस्पात मंत्री फग्गनसिंह कुलस्ते ज़िले के भाजपा नेताओं की मेजबानी का लुप्त उठाकर निकल गए किसानों की पीड़ा परेशानी पर कोई कोई संज्ञान नहीं लिया ना ही। किसान व किसानों के प्रतिनिधि मंडल से मुलाकात की।
कृषि विभाग के उपसंचालक कृषि मॉरीशनाथ मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की तरह कागजी घोड़े दौड़ाकर जीरा राइस के बंफ़र उत्पादन की वाहवाही लूटने में पीछे नहीं है। जिले में चल रही निजी खाद विक्रेताओं के ऊपर इतने महरबान बने हुए है ।कि व्यापरियों ने अपनी दुकान को किसानों से लूट का अड्डा बना रखा है।वर्तमान समय मे किसानों का आक्रोश व पीड़ा से ऐसा लग रहा मानों विभाग ने खाद बेचने का नहीं किसानों से लूट का लाइसेंस जारी किया गया हो। किसानों को 1800 व 1900 रुपये तक मजबूरी में एक बोरी डीएपी खरीद अपने खेतों मे बोनी कर रहे है ।और ये अधिकारीयों की बेशर्मी शिकायत कर्ताओं से सवूत माँग रहे है। यहाँ विशेष उल्लेखनीय है ।कि निजी खाद बीज विक्रेताओं पर कंट्रोलिंग कृषि विभाग का होता है ।जिले में कृषि विभाग के कर्मचारी मूकदर्शक बने हुए है। क्षेत्र के जनप्रतिनिधि जो जनता से चुनाव के समय लोकलुभावन बड़े बड़े वादे कर चुनकर आते है। वे भी किसानों की पीड़ा को संज्ञान में नहीं ले रहे है किसान मोर्चा ऐसे सभी जनप्रतिनिधियों से निर्धारित मूल्य पर खाद विक्रेताओं से खाद दिलवाए जाने में सहयोग की अपील करता है।
सँयुक्त किसान मोर्चा के राजेश पटेल ने बताया कि जिले की कइयों सहकारी समितियों की सी सी लिमीट सहकारी बैंक के जिला प्रबधंक पटेल व खादय शाखा के प्रभारी की कारगुजारी के चलते इस समय चौक होने के कारण पर्याप्त मात्रा में खाद नही बुलवा पा रही है ।सहकारिता आयुक्त को इन सहकारी समितियों की लीमिट बढ़ाया जाना चाहिए जिससे किसानों को खामियाजा ना भुगतना पड़े। विपणन विभाग के डबल लॉक में कृषि विभाग के आंकड़े अनुसार आज दिनाक 14 नवंबर को डी ए पी 654 टन व यूरिया 923 टन जिले में उपलब्ध है ।बाबजूद किसानों को खाद नहीं मिल पा रही व्यापारी खाद की कमी का ह्युआ बनाकर कालाबाजारी कर किसानों को लूट रहे है ।कृषि विभाग को किसानों से हो रही लूट पर प्रतिबंध लगाकर ओपन नगदी विक्री की अतिरिक्त व्यवस्था पर ध्यान देना चाहिए और जिले में शंकर राइस का झूठा उत्पादन दिखाकर वाहवाही से बचना चाहिए।
अखिल बन्देवार के साथ रेवांचल टाईम्स की एक रिपोर्ट
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