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Saturday, March 13, 2021

बोर्ड परीक्षा परिणाम को लेकर जिला प्रशासन तत्पर विद्यार्थियों की कम उपस्थिति बन रही रोड़ा



रेवांचल टाईम्स :- स्कूल शिक्षा विभाग मध्य प्रदेश के साथ-साथ जिला प्रशासन मंडला हाई स्कूल एवं हायर सेकेंडरी स्कूल परीक्षा वर्ष 2021 को लेकर हर ऐसे उपाय अपना रहा है जिससे कि बोर्ड परीक्षा परिणाम कम से कम 65% आ जाये। कलेक्टर मंडला श्रीमती हर्षिका सिंह ने जहां एक ओर जिले के तमाम अधिकारियों को स्कूलों के निरीक्षण का दायित्व सौंपा है, वही मंडला जिला के समस्त नौ विकास खंडों की सतत मॉनिटरिंग के लिए भी विभागीय अधिकारियों को दायित्व सौपें गए है । जिला मंडला के कलेक्टर के निर्देशों एवं आदेशों के पालन में अधिकारियों द्वारा लगातार स्कूलों की मॉनिटरिंग की जा रही है । विगत दिवस माखन सिंह सिन्द्राम सहायक संचालक शिक्षा, कार्यालय जिला शिक्षा अधिकारी मंडला द्वारा विकासखंड बिछिया एवं मवई के स्कूलों का आकस्मिक निरीक्षण किया गया । निरीक्षण के पहले माखन सिंह सिन्द्राम ने विकासखंड बिछिया के विकास खंड शिक्षा अधिकारी वीरेंद्र सिंह धुर्वे से सौजन्य भेंट कर विकासखंड के स्कूलों की स्थिति की जानकारी ली। विकास खंड शिक्षा अधिकारी ने बताया कि विकासखंड के हाई स्कूल केवलारी, खलोड़ी एवं कन्या हाई स्कूल सिझौरा की स्थिति ज्यादा चिंताजनक है ।हाई स्कूल खलौड़ी के निरीक्षण में पाया गया ,विद्यालय का अर्धवार्षिक परीक्षा का परिणाम 14% रहा है। अध्ययनरत छात्र-छात्राओं का शैक्षणिक स्तर काफी गिरा हुआ पाया गया ।पदस्थ शिक्षक नियमित रूप से गृह कार्य ,जांच परीक्षा की कॉपियां नहीं जांच रहे हैं और न ही निदानात्मक कक्षाओं और अवकाश दिवस पर लगने वाली कक्षाओं से संबंधित अभिलेख संधारित किए जा रहे हैं। विद्यार्थियों की उपस्थिति 42% पाई गई। जो कि काफी कम थी । प्राचार्य एवं समस्त स्टाफ को निर्देशित किया गया कि शत-प्रतिशत उपस्थिति के लिए हर संभव प्रयास किए जाएं तथा निदानात्मक कक्षाएं और अवकाश के दिवस में विशेष कक्षाएं अवश्य लगाई जाए। विगत 5 वर्षों के प्रश्न पत्रों का अभ्यास नियमित रूप से कराया जाए । इसके इसके बाद कन्या हाई स्कूल सिझौरा का आकस्मिक निरीक्षण किया गया जहां पर छात्राएं बाहर घूमते पाई गई । प्रभारी प्राचार्य श्रीमती रानू तेकाम अवकाश पर थी । विद्यालय का अर्धवार्षिक परीक्षा परिणाम 2.56% था ।जो कि काफी निराशाजनक था ।इसके उपरांत भी कन्या हाई स्कूल सिझौरा में ना तो निदानात्मक कक्षाएं लगाई जा रही हैं और ना ही अवकाश के दिनों में विशेष कक्षाएं लगाई जा रही हैं। छात्राओं की उपस्थिति 59% पाई गई ।सहायक संचालक शिक्षा माखन सिंह सिन्द्राम ने समस्त स्टाफ को निर्देशित किया कि निदानात्मक कक्षाओं के साथ-साथ अवकाश के दिनों में विधिवत विशेष कक्षाएं लगाई जाएं, विगत 5 वर्षों के प्रश्न पत्रों का सतत अभ्यास कराया जाए ।इसके पश्चात मवई विकासखंड के सुदूर संचालित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय भीम डोंगरी का आकस्मिक निरीक्षण किया गया ।जहां पर की कक्षाये  विधिवत संचालित पाई गई। विद्यार्थी को उपस्थिति 52% पाई गई। प्रभारी प्राचार्य प्रदीप पटेल ने बताया कि विद्यालय में भौतिक, रसायन, जीव विज्ञान, भूगोल एवं विज्ञान के प्रायोगिक कार्य के साथ-साथ पाठ्यक्रम पूर्ण किया जा चुका है । प्रति दिवस निदानात्मक कक्षाएं लगाई जा रही हैं इसके अलावा अवकाश के दिनों में भी विशेष कक्षाएं संचालित हैं। सी ,डी ,ई ग्रेड के विद्यार्थियों को पालक शिक्षकों के बीच वितरित कर दिया गया है। इसके अलावा अन्य ग्रामों से आने वाले विद्यार्थियों की लगातार नियमित उपस्थिति के लिए शिक्षकों को गांव गोद दिए गए हैं ।हमारे शिक्षक समय निकालकर इन ग्रामों का भ्रमण करते हैं एवं कमजोर व अनुपस्थित विद्यार्थियों के पालकों से मिलकर उन्हें नियमित रूप से विद्यालय भेजने के लिए प्रेरित करते हैं। प्रभारी प्राचार्य प्रदीप पटेल ने बताया कि अनुपस्थित विद्यार्थियों के कारण परीक्षा परिणाम प्रभावित होता है। बार-बार समझाने के बाद भी कतिपय विद्यार्थी नियमित रूप से विद्यालय नहीं आ रहे हैं। जो कि हमारी सबसे बड़ी समस्या है अन्यथा हम शत प्रतिशत परीक्षा परिणाम के लिए हम सभी संघर्षरत हैं ।श्री सिन्द्राम ने विद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था पर संतोष प्रकट करते हुए निर्देशित किया कि लगातार अनुपस्थित विद्यार्थियों की उपस्थिति के लिए हर संभव प्रयास जारी रखा जाए । इस प्रकार देखा जाए तो कलेक्टर मंडला के निर्देशों का पालन कुछ विद्यालयों द्वारा किया जा रहा है और कतिपय विद्यालय अभी भी कोताही बरत रहे हैं। कोताही बरतने वाले विद्यालयों के प्रभारी प्राचार्य को कारण बताओ सूचना पत्र भी जारी किए जा रहे हैं।

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