नगर में फैल रहा अवैध कालोनियों का मकड़ जाल राजस्व विभाग हो रहा मालामाल लोग काट रहे चक्कर - revanchal times new

revanchal times new

निष्पक्ष एवं सत्य का प्रवर्तक

Breaking

रेवांचल टाइम्स अखबार पाठकों से अनुरोध करता है कि आप अपने सुझाव हम तक जरूर भेजें.. ताकि आने वाले समय मे हम आपकी मदद से और भी बेहतर कार्य कर सकें... साथ ही यदि आपको लेख अच्छा लगे तो इसे ओरों तक भी पहुंचाए.. प्रकाशन हेतु ख़बरें, विज्ञप्ति मोबाइल- 9406771592 पर व्हाट्सएप्प करें

 आवश्कता है  आवश्कता है ....

रेवांचल टाईम्स समाचार पत्र एव वेव पोर्टल में मध्यप्रदेश के सभी संभाग, जिला, तहसील, विकास खंडों, में संवाददाताओं की एंव विज्ञापनों व खबरों से सबंधित व्यक्ति संपर्क करें इन नम्बरों में 👉 9406771592/ 9425117297/ 8770297430/9165745947

Friday, November 20, 2020

नगर में फैल रहा अवैध कालोनियों का मकड़ जाल राजस्व विभाग हो रहा मालामाल लोग काट रहे चक्कर


रेवांचल टाइम्स - आदिवासी बाहुल्य जिला मंडला से लेकर नगर के आसपास तक के ग्रामीण क्षेत्रों में शासन की भूमि भू माफियाओं ने राजस्व विभाग के अधिकारियों कर्मचारियों की सांठगांठ से अबैध कब्ज़ा कर बैठे हैं। और ऐसे अनेक गरीब दर-दर आशियाने के लिए भटक रहै है। जानकारी अनुसार मंडला, नैनपुर, बिछिया, में अनेकों अवैध कालोनियों की शासन को जानकारी होने के बाद भी राजस्व विभाग और नगर पालिका प्रशासन मौन साधे हुए हैं। अवैध कालोनियों पर किसी प्रकार की कोई कार्यवाही ना होना कहीं ना कहीं राजस्व एवं नगरपालिका प्रशासन का कॉलोनाइजरओं को संरक्षण मिलता जान पड़ रहा है। कॉलोनाइजर अपने प्लाट के विक्रय के लिए अनेक कमियों को छुपा कर प्लाट के क्रेताओं को बेच रहे हैं और क्रेता  नियम कानून की जानकारी के अभाव में प्लाट को खरीद रहे हैं। इस तरह कॉलोनाइजर जनता को मूर्ख बना कर कॉलोनी बनाकर अपने प्लाट की बिक्री करने में लगे हैं और राजस्व एवं नगर पालिका प्रशासन का उनको पूरा संरक्षण जान पड़ता है।



शासन को लाखों-करोड़ों में, राजस्व की हो रही हानि 

        नगर में कॉलोनियों के नाम पर हो रही बंपर प्लाटिंग परंतु मिली जानकारी अनुसार वह कालोनी अवैध कॉलोनी बताई जा रही जिसकी शिकायत भी स्थानीय प्रशासन को की जा चुकी है। अवैध कालोनियों के प्लाटिंग की बिक्री की जानकारी राजस्व विभाग को होते हुए भी उन पर कार्रवाई ना कर कॉलोनाइजर के साथ सांठगांठ कर जांच के नाम पर शासन को लाखों करोड़ों का राजस्व की हानि पहुंचाने में एवं खुद को मालामाल करने में दृष्ट राष्ट्र बनकर कार्य को अंजाम दे रहे। जो की पूर्णता गलत है।

नगर में आई अवैध कालोनियों की बाढ़ अधिकारियों के जेब हुए भारी

         नगर में इन दिनों कसाई मोहल्ला, वार्ड नंबर 14,उमरिया, शांति नगर,ठेकेदारी मोहल्ला, निवारी,बड़ी खेरमाई, ऐसे अनेक जगहों में प्लाटिंग एवं कॉलोनियों के बनने की संख्या दिन प्रतिदिन बढ़ते ही जा रही है और कालोनियां तथा प्लाटिंग करने में नियम कानून का पालन किया जा रहा है या नहीं इस बात की जानकारी आमजन को नहीं। यहां तक कि कॉलोनाइजर के पास अपने प्लाट तक पहुंचने के लिए रास्ता नहीं था ऐसी स्थिति में नगर में कॉलोनाइजर ने अपने प्लाटिंग करने के लिए और वहां तक पहुंचने के लिए रास्ता के लिए लगभग 100 मीटर से भी अधिक नहर कि बैंक को काटकर प्लाटिंग तक पहुंच मार्ग बनाया जिस पर भी जल संसाधन विभाग ने औपचारिक कार्रवाई कर कोई ठोस कार्रवाई भी नहीं की और रास्ता भी बंद नहीं कराया। परंतु ऐसे नगर एवं आसपास के अनेक जगहों में राजस्व एवं नगर पालिका प्रशासन को सही या गलत की पूर्ण जानकारी अवश्य होगी। लेकिन अधिकारियों के द्वारा कार्रवाई के नाम पर सिर्फ दिखावा किया जा रहा है जिससे साफ पता चलता है कि राजस्व विभाग का खुला संरक्षण प्राप्त जान पड़ता है।

नियम कानून के अभाव में लूट रही भोली-भाली जनता

      कॉलोनाइजर प्लाटिंग के क्रय विक्रय को लेकर किसी तरह के नियम कानून की जानकारी का ना होना जिससे आमजन अपने आप को ठगा महसूस कर रहा है। और इसका फायदा कॉलोनाइजर और राजस्व विभाग सांठगांठ कर अधिकारी जांच के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति कर शासन को राजस्व की हानि पहुंचाने में मशगूल है।

            वही ज्यादा पैसे कमाने की लालच में जहाँ खेती हो रही वहाँ भी कालोनियां काट रहे है और तो और इनके के पास कोई अनुमति भी नही है पर लोगो को सभी अनुमति होने का दावा करते है और प्लाट कर रजिस्ट्री करा के कॉलोनियों को जैसे कि तैसे ही छोड़ जाते है न ही बिजली न पानी और ही नाली सड़क वही कॉलोनाइजर फिर दूसरे खेती वाली खेतो को खरीद कर प्लाट काटते है और फिर लोगो नये नये प्रभालोभन देना चालू करते है और इन सब में अनुमति देने वाले पटवारी तहसीलदार अन्य सभी अधिकारियों की कही न कही मिलीभगत होती है तभी तो धड़ल्ले से खेतों को मैदान बना रहे है।

No comments:

Post a Comment