उठो द्रोपदी वस्त्र संम्भालो, अब गोविंद ना आएंगे गुनहगारो पर कारवाही के लिए पूरे देश में आक्रोश..... - revanchal times new

revanchal times new

निष्पक्ष एवं सत्य का प्रवर्तक

Breaking

रेवांचल टाइम्स अखबार पाठकों से अनुरोध करता है कि आप अपने सुझाव हम तक जरूर भेजें.. ताकि आने वाले समय मे हम आपकी मदद से और भी बेहतर कार्य कर सकें... साथ ही यदि आपको लेख अच्छा लगे तो इसे ओरों तक भी पहुंचाए.. प्रकाशन हेतु ख़बरें, विज्ञप्ति मोबाइल- 9406771592 पर व्हाट्सएप्प करें

Friday, October 2, 2020

उठो द्रोपदी वस्त्र संम्भालो, अब गोविंद ना आएंगे गुनहगारो पर कारवाही के लिए पूरे देश में आक्रोश.....


रेवांचल टाइम्स - प्रशासन की लापरवाही और सरकार की मंशा पर उठ रहे सवाल.......

         देश में विपक्ष के ऊपर डंडे बरसाए जा रहे हैं तो वहीं हाथरस: पीड़िता के गांव पर मीडिया की इंट्री पर रोक ला दी गई और पूरा गांव छावनी में तब्दील  कर दिया गया है हाथरस मामले में स्थानीय प्रशासन मीडिया की एंट्री पर अंकुश लगाने पूरी ताकत से लगी हुई है ताकि हाथरस मामले की हकीकत उजागर ना हो सके और उत्तर प्रदेश की सरकार की कमजोरी देश के सामने आ ना सके। उत्तर प्रदेश के हाथरस में घटित घटना एक निंदनीय घटना है जिसका पूरा देश विरोध कर रहा है और घटना को लेकर दोषियों पर कार्यवाही की मांग हर तबके के लोग कर रहे हैं देश में इस घटना को लेकर आग से उबाल उठते जा रही है वही उत्तर प्रदेश सरकार और स्थानीय प्रशासन  की बातों से केवल झूठ और फरेब की बदबू आ रही है वहीं जहां इस पूरे मामले पर  मीडिया  को गांव तक में घुसने की इजाजत नहीं है पूरी तरह से देश के चौथे स्तंभ पर रोक लगा दी गई है यह वही मीडिया है जो अक्सर ऐसे लोगों का गुणगान कर दिया रही थी जो हमेशा जुमलो के अलावा कोई दूसरी बात ही नहीं करती थी आज उन्हें जुमले बाजो की सरकार के आगे देश के चौथे स्तंभ मीडिया को भी मीडिया के कार्य करने से रोका जा रहा है जिस तरह से धीरे धीरे ऐसे हालात देश में बनते जाएंगे तो फिर देश के चौथे स्तंभ का दर्जा पाने वाली मीडिया कहीं की नहीं रहेगी देश का चौथा स्तंभ जो अपने आप में स्वतंत्र निर्भीक पूर्वक अपनी पत्रकारिता के दम पर देश के कोने कोने में जाकर राजनैतिक सामाजिक गतिविधियों को उजागर करने का काम करते रही है अब उसी मीडिया को हकीकत उजागर करने से रोका जा रहा है । उत्तर प्रदेश के हाथरस मामले को उजागर करने के लिए देश के तमाम चैनल वहां पहुंच तो रहे हैं परंतु मीडिया को गांव के अंदर ही घुसने की इजाजत नहीं है प्रशासन पूरे मामले पर मौन है वही मोदी और योगी की गुणगान करने वाली मीडिया अब स्वयं की स्वतंत्रता पर ठगी महसूस कर रही है हमेशा हकीकत से परे और केवल एक दल का गुड़गांन गाने वाली मीडिया अब अपनी स्वयं की स्वतंत्रता को लेकर परेशान है और ऐसे ही हालात रहे  तो वह दिन दूर नहीं जब मीडिया की हर क्षेत्रों में स्वतंत्र एंट्री की जगह सरकार नो एंट्री में बदल देगी बहरहाल देश की व्यवस्था को लेकर हर तरफ सामाजिक लोग परेशान हैं और उत्तर प्रदेश के हाथरस की बेटी के मामले में देश के हर वर्ग हर क्षेत्र में केवल एक आवाज उठ रही है इंसाफ इंसाफ और केवल इंसाफ कि दोषियों पर जल्द कार्रवाई हो साथी ऐसे प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों पर भी कार्रवाई हो जो पूरे मामले पर लीपापोती करने के लिए लगे हुए हैं हकीकत को उजागर करने वाली मीडिया पर प्रतिबंध लगा रहे हैं मीडिया को हकीकत को उजागर करने पर रोक लगा रहे हैं उत्तर प्रदेश की इस शर्मनाक घटना को लेकर न केवल उत्तर प्रदेश बल्कि पूरे देश मे  आक्रोश की ज्वाला जल उठी है


उठो द्रोपदी वस्त्र संभालो, अब गोविंद ना आएंगे !

 छोडो मेहंदी भुजा संभालो, खुद ही अपना चीर बचा लो । द्यूत बिछाए बैठे शकुनी, मस्तक सब बिक जायेंगे । कब तक आस लगाओगी तुम, बिके हुए गद्दारों से । कैसी रक्षा मांग रही हो, दुःशासन दरबारों से । स्वयं जो लज्जा हीन पड़े हैं, वे क्या लाज बचाएंगे । कल तक केवल अंधा राजा, अब गूंगा-बहरा भी है । होंठ सिल दिए हैं जनता के, कानों पर पहरा भी है । तुम्ही कहो ये अश्रु तुम्हारे,  किसको क्या समझाएंगे । उठो द्रोपदी वस्त्र संम्भालो, अब गोविंद ना आएंगे ।

No comments:

Post a Comment