BREAKING
जवाहर नवोदय विद्यालय से दो छात्र लापता | एमपी में बड़ा प्रशासनिक फैसला | जबलपुर में सनसनीखेज वारदात
सिवनी: किसानों से खरीदा गेंहू खुले में पड़े पड़े ख़राब हुआ - revanchal times new

revanchal times new

निष्पक्ष एवं सत्य का प्रवर्तक

Breaking

aaj ka akhbar padhen

आज का ई-पेपर

पूरा अखबार पढ़ने के लिए नीचे दिए गए बटन पर क्लिक करें।

ई-पेपर Viewer

Sunday, June 28, 2020

सिवनी: किसानों से खरीदा गेंहू खुले में पड़े पड़े ख़राब हुआ

जमीन ने उगला सोना.मेहनत ये किसान की... सोने को मिट्टी बना दियाये करनी कुछ इंसान की...।।
लचर प्रसासनिक आववस्थाओ का शिकार हुए किसान
परिवहनकर्ता पर क्या होगी कोई कार्यवाही?

रेवांचल टाइम्स - प्रदेश में इस बार गेंहू की जो आबक हुई है उसके लिए हमे अपने महनतकशो पर इतराना तो बनता ही है. गेंहू की पैदावार भी इतनी कि पंजाब की जमीन से उगलने वाली पैदावार को पीछे छोड़ दिया और देश मे गेंहू उत्पाद में हम नम्बर 1 पर पहुच गए ।
पर ये क्या कि महीने भर जमीन पर मेहनत कर गेंहू के रूप में सौना उगाने वाले धरतीपुत्रो की मेहनत को सरकारी तंत्र ने 4 दिनों में ही सोने को मिट्टी बनाने में कोई कौर कसर भी नही छोड़ी । ये जमी पर नजारे कुछ यही बयानी कर रहै है ।
       प्रदेश की उपार्जन नीति कागजो में तो बड़ी लुभानी लगती है किन्तु इसकी जमीनी हकीकत यह है कि आज हजारों टन अनाज इसी नीति के परिपालन करने वाले हाथों की करनी के कारण मिट्टी में बन गया औऱ पूरी सड़ गया है पर जबाबदेही किसकी।

   मामले को समझने और समझाने की जरूरत भी ईसलिये आन पड़ी है जो अनाज लाखो लोगो के पेट की आग बुझा सकता था पर अब लचर अफसरशाही की जमीनी कार गुज़रियो के कारण दुर्गंध मारने लगा है और जिस अनाज को अब मूक जानवर भी मुँह नही मार रहा .लिहाजा अब इस अनाज को नष्ट करने की नोवद आन पड़ी है ।

उपार्जन के तहद खरीदे गए अनाज को पोर्टल में चढ़ने से लेकर सुरक्षित भंडारण तक के लिए 16 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से खरीदी समिति को दिया जाना निर्धारित है ताकि उपार्जित उपज को पानी नमी ओर अन्य बिगड़ने वाली परिस्थियों से अनाज को सुरक्षित रखा जावे । खरीद के बाद पोर्टल में रेडी टू ट्रांसपोर्ट किये जाने के बाद उस अनाज को 48 घण्टे में भंडारित किया जावे । ओर इन दौनो ही प्रक्रियाओं में की गई लापरवाही ही अनाज के भीगने से लेकर सड़ने तक के सफर कि महत्वपूर्ण कड़ी में आखिर कौन।

       सिवनी जिले में 4.37 लाख मेट्रिक टन गेंहू की खरीदी हुई जिसमे से 11हजार मेट्रिक टन अनाज खराब हो गया जिसे रिजेक्ट कर दिया गया .जिले की लगभग अधिकांश खरीदी केंद्रों में गेहूं परिवह्नित ना होने से बड़े पैमाने में अनाज खराब हो गया जिसे विनिस्टिकर्ण की प्रक्रिया भी सही नही हुई .रौड के किनारे या गाव के बीचों बीच एकत्र किये गए खराब अनाज से लोगो का बदबू के कारण जीना मुहाल हो चला है । वही खराब हुए अनाज ने किसानों के माथे पर भी बल डाल दिये है ।

खवर जन सरोकार से ....

No comments:

Post a Comment