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अगली पीढ़ी को सशक्त बनाना: बाल और किशोर व्यवहार स्वास्थ्य सेवा को नया आयाम दे रहीं डॉ. अदिति गुइन

दैनिक रेवांचल टाईम्स | हेल्थ एवं वेलनेस

अगली पीढ़ी को सशक्त बनाना: बाल और किशोर व्यवहार स्वास्थ्य सेवा को नया आयाम दे रहीं डॉ. अदिति गुइन

14 वर्षों के अनुभव के साथ बच्चों, किशोरों और अभिभावकों की काउंसलिंग, बिहेवियर थेरेपी और भावनात्मक कल्याण पर केंद्रित कार्य

बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य पर बढ़ता फोकस

मुंबई। बदलते स्वास्थ्य सेवा और वेलनेस परिदृश्य में बच्चों एवं किशोरों के मानसिक स्वास्थ्य और व्यवहार संबंधी सहायता को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इसी क्षेत्र में मनोवैज्ञानिक और काउंसलर डॉ. अदिति गुइन बच्चों, किशोरों और अभिभावकों के साथ काउंसलिंग एवं बिहेवियर थेरेपी के क्षेत्र में कार्य कर रही हैं।

14 वर्षों का अनुभव
बाल एवं किशोर व्यवहार, काउंसलिंग और भावनात्मक कल्याण के क्षेत्र में कार्य

क्लिनिकल अनुभव और व्यवहार को समझने पर जोर

बाल और युवा विकास से जुड़ी जटिलताओं को समझने के लिए सैद्धांतिक जानकारी के साथ व्यावहारिक अनुभव भी महत्वपूर्ण होता है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार डॉ. गुइन को इस क्षेत्र में लगभग 14 वर्षों का अनुभव है।

उनका कार्य बच्चों और किशोरों की व्यवहार संबंधी आवश्यकताओं को समझने, परिवार के साथ संवाद स्थापित करने और परिस्थितियों के अनुरूप काउंसलिंग तथा व्यवहार संबंधी सहायता उपलब्ध कराने पर केंद्रित है।

किन क्षेत्रों पर है विशेष फोकस?

न्यूरोडेवलपमेंटल सपोर्ट
ADHD और सीखने की कठिनाइयों से जुड़ी आवश्यकताओं के लिए प्रबंधन और मुकाबला करने की रणनीतियों पर काम।
व्यवहार संबंधी सहायता
बच्चों और किशोरों की व्यवहार संबंधी चुनौतियों के लिए जरूरत के अनुसार बिहेवियर थेरेपी पर फोकस।
भावनात्मक कल्याण
चिंता, तनाव और भावनात्मक उतार-चढ़ाव जैसी स्थितियों में काउंसलिंग और भावनात्मक सहायता।

पैरेंट-चाइल्ड काउंसलिंग: बच्चे के साथ परिवार पर भी फोकस

डॉ. गुइन के काम का एक महत्वपूर्ण पहलू माता-पिता को भी काउंसलिंग प्रक्रिया से जोड़ना है। इस दृष्टिकोण में बच्चे की चुनौतियों को केवल व्यक्तिगत स्तर पर देखने के बजाय उसके पारिवारिक और सामाजिक परिवेश को भी समझने का प्रयास किया जाता है।

युवाओं की काउंसलिंग के साथ अभिभावकों को मार्गदर्शन देने का उद्देश्य घर में ऐसा सहयोगी वातावरण विकसित करना है, जो बच्चे की भावनात्मक और व्यवहार संबंधी प्रगति में सहायक हो सके।

स्कूल और वेलनेस सेक्टर में बढ़ती जरूरत

बच्चों और किशोरों के मानसिक एवं भावनात्मक स्वास्थ्य को लेकर परिवारों के साथ शैक्षणिक संस्थानों में भी जागरूकता बढ़ रही है। व्यवहार में बदलाव, सीखने से जुड़ी कठिनाइयों, तनाव और भावनात्मक समस्याओं की समय रहते पहचान उचित सहायता तक पहुंचने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।

बच्चे की भावनात्मक और व्यवहार संबंधी जरूरतों को समझने में परिवार, विशेषज्ञ और शैक्षणिक वातावरण—तीनों की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है।

मानसिक रूप से मजबूत अगली पीढ़ी की दिशा में प्रयास

बाल और किशोर मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में विशेषज्ञ सहायता की बढ़ती आवश्यकता के बीच डॉ. अदिति गुइन का कार्य बच्चों, किशोरों और उनके अभिभावकों की काउंसलिंग तथा व्यवहार संबंधी सहायता पर केंद्रित है।

ऐसे प्रयास मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं को समय रहते पहचानने, परिवारों में जागरूकता बढ़ाने और बच्चों के लिए अधिक सहयोगी वातावरण विकसित करने की दिशा में उपयोगी हो सकते हैं।

स्वास्थ्य संबंधी सूचना: मानसिक स्वास्थ्य, ADHD, चिंता या व्यवहार संबंधी किसी समस्या के निदान और उपचार के लिए योग्य स्वास्थ्य पेशेवर से व्यक्तिगत मूल्यांकन आवश्यक है। किसी व्यक्ति के लिए उपयुक्त उपचार उसकी परिस्थितियों के आधार पर अलग हो सकता है।
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