मॉडल, लघुनाटिका, स्वरचितगीत एवं सेमिनार के माध्यम से प्रदेश स्तरीय प्रदर्शनी में जबलपुर जोन (संभाग) के विद्यार्थियों ने दिखाई अपनी प्रतिभा* " जोन (संभाग)से चयनित विद्यार्थियों ने की प्रदेश स्तरीय प्रदर्शनी में उत्साह पूर्वक की सहभागिता "
दैनिक रेवाँचल टाईम्स - जबलपुर| राज्यशिक्षा केंद्र के निर्देश अनुसार दिनांक 20 एवं 21 अगस्त 2026 को सांईखेड़ा जिला नरसिंहपुर में प्रदेशस्तरीय विज्ञान, गणित,पर्यावरण एवं सामाजिक विज्ञान प्रदर्शनी का आयोजन किया गया. प्रदर्शनी के समापन समारोह पर माननीय शिक्षा मंत्री रावउदय प्रताप सिंह जी ने प्रदेश स्तर तक पहुंचने वाले विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन से गतिविधि आधारित शिक्षण को बढ़ावा मिलता है. छात्रों में स्वयं करके सीखने की प्रवृत्ति विकसित होती है. उन्होंने प्रदेश स्तर पर चयनित छात्रों प्रोत्साहित करते हुए उनके उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामनायें दी. प्रदर्शनी के समापन समारोह पर संयुक्त संचालक लोक शिक्षण जबलपुर संभाग श्री घनश्याम सोनी जी भी उपस्थित थे. प्रदर्शनी विज्ञान,गणित, पर्यावरण, सामाजिक विज्ञान विषयों पर बनाए गए मॉडल,लघु नाटिका,एकल गीत और सेमिनार पर आधारित रही. इसमें क्रमशः शाला स्तर से चयनित छात्र-छात्राओं ने जनशिक्षाकेंद्र स्तर,विकासखंड स्तर,जिला स्तर तथा प्रत्येक संभाग(जोन) स्तर से 26- 26 विद्यार्थियों ने प्रदेश स्तर पर प्रदर्शनी में सहभागिता की. प्रदर्शनी में जबलपुर जोन के बच्चों द्वारा उत्कृष्ट प्रदर्शन किया गया ।आज समापन अवसर में शिक्षा मंत्री श्री राव उदय प्रताप सिंह द्वारा चयनित छात्र- छात्राओं को सम्मानित किया गया ।जबलपुर जोन का परिणाम निम्नानुसार था -
विज्ञान मॉडल - आर्यन वर्मा (द्वितीय)
गणित - अंबिका साहू - प्रथम (सिवनी)
गणित - प्रफुल्ल मिश्रा - द्वितीय (कटनी)
पर्यावरण - शिवानी रजक - द्वितीय
इतिहास - आयुषी प्रजापति - द्वितीय
एकल गीत - कर्तव्य तिवारी प्रथम - कटनी
प्रश्नमंच - तृतीय.प्रदर्शनी के आयोजन का प्रमुख उद्देश्य गतिविधि आधारित शिक्षण को प्रोत्साहन, प्लास्टिक प्रदूषण को कम करना,अवशिष्ट प्रबंधन, स्वच्छता का स्वस्थ जीवन के लिए महत्व पर आधारित सेमिनार,पर्यावरण संरक्षण से संबंधित स्थानीय एवं स्वरचित एकल गीत, नारी सशक्तिकरण,सोशल मीडिया के दुरुपयोग, स्वतंत्रता संग्राम, सामाजिक कुरीतियों में मुक्ति आदि पर आधारित लघु नाटिका, मॉडलों के माध्यम से छात्र-छात्राओं में पर्यावरण संरक्षण के साथ मानवीय, सामाजिक, वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित करना है. विद्यार्थियों द्वारा उत्साह पूर्वक सहभागिता कर विज्ञान, गणित,पर्यावरण, सामाजिक विज्ञान विषयों पर आधारित प्रमुख रूप से आधुनिक कृषि, भारतीय लोकतंत्र, मतदान जागरूकता, परिवार एवं समुदाय, मानव अधिकार, वायुमंडल, मिट्टी की परतें, हमारी पृथ्वी, सौरमंडल,जल संरक्षण,भूकंप, ज्वालामुखी, प्रायिकता, पाइथागोरस प्रमेय, कोणों के प्रकार, भिन्न,वृत्त,गणित पार्क, संख्या रेखा,ज्यामिति आकृतियां, द्विविमीय, त्रिविमीय आकृतियां, संतुलित आहार, भोजन के स्रोत, पर्यावरण संरक्षण,अपशिष्ट प्रबंधन, प्लास्टिक के विकल्प आदि पर आधारित मॉडल बनाए गए. प्रदर्शनी में चयनित विद्यार्थियों को जिला शिक्षा अधिकारी गौतम बर्वे, जिला परियोजना समन्वय योगेश शर्मा, डाइट प्राचार्य सुनील शर्मा, एपीसी राजेश तिवारी,व्याख्याता वाय एन द्विवेदी,केपी दुबे, घनश्याम सिंह,बीएसी अजय रजक ने शुभकामनायें दी.

