रेवांचल टाईम्स। लुधियाना के शिमलापुरी इलाके में रविवार दोपहर को एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। एक महिला ने पंजाब पुलिस के कांस्टेबल की ढाई साल की बच्ची को घर के बाहर से अगवा किया और उसे जिंदा ही जमीन में दफना दिया। घटना का पता उस समय चला जब बच्ची के परिवार वाले उसे ढूंढते हुए बाहर निकले लेकिन बच्ची कहीं नहीं मिली। जब आसपास के सीसीटीवी कैमरे चेक किए गए तो पता चला कि बच्ची को उसकी पड़ोसी महिला साथ लेकर गई है।
जब उन्होंने महिला से पूछा तो उसने कोई सही जवाब नहीं दिया। इसके बाद बच्ची के परिवार वालों ने पुलिस को जानकारी दी। सूचना मिलते ही थाना शिमलापुरी की पुलिस मौके पर पहुंची और महिला से सख्ती से पूछताछ की गई। महिला ने बताया कि वह बच्ची को सलेम टाबरी इलाके में दफना आई है, ये सुनकर सभी सन्न रह गए। पुलिस ने कांस्टेबल हरप्रीत सिंह की शिकायत पर आरोपी नीलम के खिलाफ अपहरण व हत्या के साथ अन्य धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।
हरप्रीत सिंह पंजाब पुलिस में बतौर कांस्टेबल नौकरी करता है और इस समय थर्ड आई आर बी में तैनात है। उसका एक बेटा पांच साल का है और एक बेटी दिलरोज ढाई साल की है। रविवार दोपहर दिल रोज अपने घर के बाहर खेल रही थी कि अचानक गायब हो गई। परिवार वालों ने बच्ची की कई जगह तलाश की मगर वह नहीं मिली तो उन्होंने सीसीटीवी कैमरे चेक किए। पता चला कि दिल रोज को उनके पड़ोस की महिला नीलम अपने साथ स्कूटी से लेकर गई है। जब उन्होंने नीलम से जाकर पूछा तो उसने सही जवाब नहीं दिया, जिस पर परिजनों को शक हुआ।
थाना शिमलापुरी पुलिस ने जब सीसीटीवी कैमरे चेक किए और उसके बाद पूछताछ की गई तो नीलम ने बताया कि वह बच्ची को स्कूटी पर बैठाकर सीधे सलेम टाबरी पहुंची थी, जहां एक खेत में बच्ची को जिंदा दफना दिया। ये सुनते ही आनन-फानन में नीलम को गाड़ी में बैठा कर पुलिस की टीम सीधे वहां पहुंची। पीसीआर मुलाजिमों की मदद से खुदाई की गई और बच्ची को बाहर निकाल तुरंत डीएमसी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसकी मौत हो गई।
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