BREAKING
जवाहर नवोदय विद्यालय से दो छात्र लापता | एमपी में बड़ा प्रशासनिक फैसला | जबलपुर में सनसनीखेज वारदात
अबैध संचालित क्लीनिक से लगाई गई इंजेक्शन से युवक की हुई मौत... - revanchal times new

revanchal times new

निष्पक्ष एवं सत्य का प्रवर्तक

Breaking

aaj ka akhbar padhen

आज का ई-पेपर

पूरा अखबार पढ़ने के लिए नीचे दिए गए बटन पर क्लिक करें।

ई-पेपर Viewer

Wednesday, September 29, 2021

अबैध संचालित क्लीनिक से लगाई गई इंजेक्शन से युवक की हुई मौत...


              

रेवांचल टाईम्स - जिले में फर्जी किलिनिक और झोला छाप डॉक्टरों की भरमार है वही इनके द्वारा संचालित किलिनिक और दवा खाना खुलेआम बिना रजिस्ट्रेशन के चल रहे है और लोगों के जीवन से खिलवाड़ कर रहे है।

        वही जानकार जान कर भी अनजान बने हुए है शिकायत के बाद भी मामले को रफ़ा दफा करने में लगे हुए और बेचारे गरीब आपने जीवन से हाथ धो रहे है ।

              वही सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार भाजपा में रहे पूर्व मंडल अध्यक्ष वर्तमान में भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ताओं में गिने जाने वाले एक नेता ने अपनी फर्जी क्लीनिक चला रहे हैं आखिरकार इस क्लीनिक का भंडाफोड़ अब यह मामला पुलिस अधीक्षक के दरवाजे तक पहुंच गया है अब देखना यह होगा कि पुलिस प्रशासन क्या करती है पुलिस अधीक्षक को की गई शिकायत ग्राम लफरी का निवासी नाम गंगोत्री पनिका स्वर्गीय सेवा जयसिंह नगर ने आरोप लगाया वह अपने पति सेवा पनिका कि अचानक से तबीयत खराब हो गई और और खनोधी अवधि मैं उपचार के लिए कुमार मेडिकल स्टोर में लाया गया जो कि संचालक गजेंद्र चतुर्वेदी के द्वारा अवैध तरीके से क्लीनिक संचालित कर लोगों की जिंदगी के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है एवं मरीजों को भर्ती करके उनकी जिंदगी के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है प्राथमिक उपचार करने के लिए गंगोत्री पनिका ने अपने पति को 24 सितंबर को लेकर गई जो कि गजेंद्र चतुर्वेदी ने बिना जांच किए गलत इंजेक्शन लगाए और उनकी हालत गंभीर रूप से बिगड़ती चली गई और और वह चटपटाने  लगे उनकी हालत को देखते हुए गजेंद्र चतुर्वेदी ने कहे कि आप घर ले जाइए बोले कि ठीक हो जाएगा और उसकी हालत धीरे धीरे गंभीर रूप से खराब हो गई धीरे


उनकी सांसे रुकने लगी और गजेंद्र चतुर्वेदी जी के द्वारा गलत इंजेक्शन लगाया गया और उनकी मृत्यु हो गई उनके परिजनों ने सूचना थाना सीधी  में शिकायत दर्ज करवाई। लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई ना ही गजेंद्र चतुर्वेदी के ऊपर कोई प्रकरण दर्ज हुआ जानकारों की माने तो गजेंद्र चतुर्वेदी जी  क्लिनिक संचालित किए हुए हैं एवं चतुर्वेदी जी पूर्व में मंडल अध्यक्ष के पद पर भी रह चुके हैं क्योंकि सत्ता पर रहने के बाद प्रशासनिक अधिकारी हाथ डालना उचित नहीं समझा और गंगोत्री पनिका ने अपने पति को खोने के बाद यह आरोप लगाया की गजेंद्र चतुर्वेदी जी गलत इंजेक्शन लगाकर इसी क्लीनिक में मेरे पति की मृत्यु हो गई और शिकायत गोहपारू थाने में दर्ज करवाई और यह शिकायत कलेक्टर को भी दी गई लेकिन अभी भी यह मामला ठंडे रास्ते में पड़ा हुआ है इसकी कोई सुनवाई नहीं हो रही है शासन प्रशासन चुपचाप बैठा हुआ है ऐसा ही होता रहेगा आखिरकार यह मामला 3 दिनों से गंभीर पड़ा हुआ है कुछ नहीं विषय का कारण बना हुआ है । एक तरफ प्रशासन फर्जी क्लीनिक झोला छाप डॉक्टरों के ऊपर कोई कार्यवाही नहीं हो पाई है फर्जी क्लीनिक ने एक व्यक्ति की जान ले ली इससे बड़ा सबूत क्या हो सकता है हालांकि इस मामले में गजेंद्र चतुर्वेदी  से पूछा गया तो बोले उसे लफरी से लेकर आ रहे थे और शहडोल ले जा रहे थे और मैंने उसका कोई इलाज नहीं किया सवाल तो यह उठता है यह गंगोत्री पनिका ने जो शिकायत दर्ज करवाई थी वह सरासर क्या गलत है या नही ये जांच का विषय है वही मामला अति संवेदनशील है गजेंद्र चतुर्वेदी जी मेडिकल स्टोर के पीछे फर्जी क्लीनिक संचालित कर रखा है और मरीजों को गलत तरीके से इंजेक्शन भी लगाया जाता है अब  देखना यह होगा की प्रशासन इस मामले में क्या कार्यवाही करता क्या आवेदक की शिकायत में कार्यवाही होती या फिर एक रसूख फर्जी तरीके से संचालित किलिनिक में कोई कार्यवाही होती है यह फिर जांच के नाम पर लीपापोती की जाती है यह देखने योग्य है।

No comments:

Post a Comment