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Friday, June 11, 2021

दो दिवस में पूर्ण करायें मूंग तथा उड़द वाले कृषकों के रकबा का सत्यापन समीक्षा बैठक में कलेक्टर हर्षिका सिंह के निर्देश



मण्डला 11 जून 2021

वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के माध्यम से आयोजित जिला उपार्जन समिति की बैठक में कलेक्टर हर्षिका सिंह ने कहा कि भारत सरकार की प्राइम सपोर्ट स्कीम एवं मूल्य स्थिरीकरण कोष योजना अंतर्गत वर्ष 2020-21 (विपणन वर्ष 2021-22) ग्रीष्मकालीन मूंग एवं उड़द का न्यूनतम मूल्य पर उपार्जन 15 जून से 31 जुलाई 2021 तक उपार्जन किया जाना है। उन्होंने उप संचालक कृषि को निर्देशित किया कि मूंग, उड़द वाले कृषकों की सूची का सत्यापन ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी, पटवारी द्वारा 2 दिवस में पूर्ण कराया जाये। उन्होंने कहा कि कृषक द्वारा बोये गए रकबे का पंजीयन पोर्टल पर करने के बाद पूर्व की भांति पोर्टल पर पंजीयन रकबे का सत्यापन राजस्व विभाग के पटवारी द्वारा किया जाए यह कार्य पंजीयन के साथ-साथ की किया जावे। उपरोक्त दोनों कार्यों के लिए उन्होंने सभी अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) को प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण करने हेतु निर्देश दिये। जिला खाद्य आपूर्ति अधिकारी को मार्कफेड एवं उप संचालक कृषि से समन्वय स्थापित कर उपार्जन केन्‍द्रों का निर्धारण करने एवं कृषकों को एस.एम.एस. भेजने की कार्यवाही सुनिश्चित निर्देश दिये।

बैठक में उप संचालक कृषि द्वारा अवगत कराया गया कि जिले में लगभग 5700 कृषक द्वारा लगभग 3400 हेक्टेयर में ग्रीष्मकालीन मूंग एवं 251 कृषकों द्वारा लगभग 325 हेक्टेयर में ग्रीष्मकालीन उड़द फसल ली गई। जिससे लगभग 3250 मी.टन.ग्रीष्मकालीन मूंग एवं 270 मी.टन ग्रीष्मकालीन उड़द उत्पादन की संभावना है। कलेक्टर हर्षिका सिंह ने निर्देशित किया कि गोदाम स्तर पर ही उपार्जन केन्द्र खोले जावे एवं कृषकों की संख्या एवं रकबे के अनुसार आंकलन कर जिले में उपार्जन केन्द्र खोले जाये। पंजीयन हेतु पंजीयन केन्द्रों की संख्या यथा संभव अधिक रखी जाये। बैठक में कृषि, सहकारिता, नागरिक आपूर्ति सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

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