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Thursday, April 23, 2020

मंडला: लॉकडाउन में गांव- गांव में बन और बिक रही महुआ शराब, कोरोना के डर से ग्रामीण कर रहे कच्ची शराब का सेवन

कोरोना के डर से अनजान कर रहे कच्ची शराब का सेवन
ग्रामीण पकड़कर कर रहे पुलिस के सुपुर्द
 आबकारी थाना के आरक्षकों पर भी लग रहा आरोप
नगर सील होने के बाद भी हो रही शराब की सप्लाई 
कॉल रिसीव करने से भी कतराते हैं अधिकारी

मण्डला नैनपुर- लॉकडाउन के चलते सभी देशी व अंग्रेजी शराब दुकानों को 3 मई तक के लिए बंद किया गया है। जिले व नगर में पुलिस जहाँ आमजन की सेवा में गली चौराहे चेकपोस्ट में लगी हुई है वही आबकारी विभाग की उदासीनता के चलते जमकर अवैध कच्ची शराब की बिक्री की जा रही है। गांव- गांव में महुआ शराब बन और बिक रही है। जिले के लगभग सभी थाना क्षेत्रों में विभागीय अधिकारियों के सह पर 200 से 400 रूपये प्रति लीटर की दर से अवैध शराब की बिक्री की जा रही है। वहीं विभागीय उदासीनता के चलते संक्रमण पᆬफैलने का खतरा बढ़ने लगा है।

          
             कोरोना के डर से अनजान कर रहे कच्ची शराब का सेवन                              कोरोना संक्रमण की रोकथाम व बचाव केन्द्र व राज्य शासन युद्घ स्तर पर जुटा है। कोरोना संक्रमण लगातार बढ़ रहे पीड़ितों की संख्या को देख प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 3 मई तक लॉकडाउन करने की घोषणा की गई है। शासन के निर्देश पर 22 मार्च से सभी शराब दुकानें भी बंद कर दी गई है। मगर जिले में  आबकारी विभाग की उदासीनता के चलते लगातार सभी नगरीय निकायों सहित ग्रामीण क्षेत्रों में जमकर अवैध शराब की बिक्री की जा रही है। जिले के गांव - गांव में अवैध महुआ के शराब बनाए और बेचे जा रहे हैं।  नैनपुर नगर ग्राम पंचायत के कई वार्डों में बेखौफ़ अवैध शराब की बिक्री की जा रही है। सुबह से लेकर देर रात तक शराब लेने वालों की भीड़ जुटी रहती है। इसी तरह धनोरा ,अतरिया, ईमलीटोला जैसे ग्रामो सहित  थाना क्षेत्रों में जमकर अवैध कच्ची शराब की बिक्री की जा रही है, बावजूद इसके आबकारी पुलिस द्वारा अवैध शराब बेचने वालों के खिलाफ़ कार्रवाई नहीं की जा रही है। वहीं दूसरी रोजाना अवैध शराब विक्रेता लाखों रूपये तक का अवैध शराब खपा रहे हैं। जानकारी के अनुसार यहां रोजाना ढाई सौ से 400 रूपये प्रति लीटर के हिसाब से अवैध शराब ग्राहकों को परोसा जा रहा है। यहां विभागीय उदाीनता के चलते रोजाना राज्य शासन को करोड़ों रूपये का राजस्व का नुकसान हो रहा है।

 आबकारी थाना के आरक्षकों पर भी लग रहा आरोप




 ग्रामीण पकड़कर कर रहे पुलिस के सुपुर्द


क्षेत्र लगातार अवैध कच्ची शराब बिक रही है। ग्रामीणों द्वारा लगातार इसकी शिकायत संबंधित आबकारी अधिकारियों से कर कोचियों के खिलाफ़ कार्रवाई की मांग की जा रही है, बाजवूद इसके स्थिति जस की है। 

 जमानती अपराध पर कार्रवाई कर निभाई जा रही औपचारिकता 


क्षेत्र में बिक रही अवैध कच्ची शराब की शिकायत लगातार ग्रामीणों द्वारा संबंधित थाना व आबकारी विभाग के अधिकारियों से की जा रही है, बाजवूद इसके स्थिति जस की तस है। यहां विभागीय उदासीनता के चलते बेखौपᆬ कच्ची शराब की ब्रिकी जारी है। हालांकि लगातार की जा रही शिकायतों के बाद पुलिस व आबकारी विभाग के अधिकारियों द्वारा कोचियों पर कार्रवाई के नाम पर महज 200 से 300 रूपये का शराब जब्त दर्शाकर 34 (1) आबकारी अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई की औपचारिकता निभा दी जाती है। विभागीय उदासीनता के चलते यहां बेखौफ़ अवैध शराब की बिक्री का क्रम जारी है।

 नगर सील होने के बाद भी हो रही शराब की सप्लाई 

कोरोना वायरस की रोकथाम व बचाव के लिए पुलिस द्वारा सभी नगरीय निकायों के चौक चौराहों में बेरिकेट लगाया गया है। साथ ही सभी मुख्यमार्गों से होकर गुजरने वाले राहगीरों की पूछताछ भी की जाती है, बावजूद इसके शाम ढलते ही यहां रोजाना बड़ी संख्या में दूर दराज के ग्रामीण शराब लेने पहुंचे है और बड़ी मात्रा में अवैध शराब लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में खपा रहे हैं, जबकि इसकी जानकारी पूरे क्षेत्र वासियों को है।
 वहीं इससे आबकारी विभाग अनजान हैं। इससे उनकी कार्यशैली भी संदेहास्पद है।

 कॉल रिसीव करने से भी कतराते हैं अधिकारी

नगर एवम नगर पंचायत के कई वार्डों में रोजाना बड़ी संख्या में अवैध कच्ची शराब की बिक्री धड़ल्ले से की जाती है। लगातार नगरवासियों ग्रामवासियो द्वारा आबकारी विभाग के अधिकारियों को शिकायत करने के बाद भी केवल एक दो प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई की औपचारिकता निभा दी जाती है। सहायक आयुक्त आबकारी  के मोबाइल नंबर  xxxxx     व सहायक जिला आबकारी अधिकारी के नंबर xxx.  में शिकायत करने के लिए कॉल भी किया जाता है, बावजूद इसके अधिकारी कॉल रिसीव तक करना मुनासिब नहीं समझते। इससे अधिकारी कितने सजग हैं इसका सजह ही अंदाजा लगाया जा सकता है। *कि सच में आबकारी विभाग कुम्भकर्ण की घोर नींद में सोया हुआ है*


 राजा विश्वकर्मा की खबर 

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